वरुण चक्रवर्ती और पाकिस्तान के पूर्व खिलाड़ी मोहम्मद हफीज (फोटो- सोशल मीडिया)
Mohammad Hafeez Statement on Indian Spinners: टी20 वर्ल्ड कप 2026 में भारत और पाकिस्तान के बीच होने वाले बड़े मुकाबले से पहले बयानबाजी का दौर शुरू हो गया है। मैच को लेकर दोनों देशों के पूर्व खिलाड़ी और विशेषज्ञ लगातार अपनी राय दे रहे हैं। इसी बीच पाकिस्तान के पूर्व कप्तान मोहम्मद हफीज का एक बयान चर्चा में आ गया है, जिसने भारतीय प्रशंसकों का ध्यान खींचा है। हफीज का मानना है कि इस बार पाकिस्तान का स्पिन आक्रमण भारत की तुलना में ज्यादा मजबूत है। उन्होंने एक पाकिस्तानी टीवी कार्यक्रम में यह बात कही, जिसके बाद क्रिकेट जगत में इस पर बहस शुरू हो गई है।
कोलंबो में खेले जाने वाले मुकाबले से पहले हफीज ने कहा कि यह पहली बार है जब किसी विश्व कप में पाकिस्तान का स्पिन विभाग भारत से बेहतर नजर आ रहा है। उनका कहना था कि अगर खिलाड़ी-दर-खिलाड़ी तुलना की जाए तो पाकिस्तान का पलड़ा भारी दिखाई देता है। हफीज ने अबरार अहमद की गेंदबाजी की तारीफ की और कप्तान सलमान अली आगा तथा सैम अयूब को भी उपयोगी विकल्प बताया। इसके अलावा उन्होंने मिस्ट्री स्पिनर उस्मान तारिक को पाकिस्तान का बड़ा हथियार बताते हुए कहा कि उनकी गेंदबाजी विपक्षी बल्लेबाजों के लिए चुनौती बन सकती है।
हफीज के इस बयान के बाद भारतीय प्रशंसकों और कई क्रिकेट विशेषज्ञों ने अलग राय रखी है। उनका मानना है कि भारतीय स्पिन विभाग को कम करके आंकना सही नहीं होगा। भारत के पास इस समय कई अनुभवी और प्रभावी स्पिन गेंदबाज मौजूद हैं। कुलदीप यादव अपनी कलाई की फिरकी से बड़े-बड़े बल्लेबाजों को परेशान करने की क्षमता रखते हैं और अंतरराष्ट्रीय मैचों में कई बार महत्वपूर्ण विकेट ले चुके हैं। वरुण चक्रवर्ती अपनी मिस्ट्री गेंदों और सटीक लाइन-लेंथ के लिए जाने जाते हैं, जबकि अक्षर पटेल किफायती गेंदबाजी के साथ-साथ विकेट लेने की क्षमता भी रखते हैं। यही वजह है कि भारतीय स्पिन आक्रमण को संतुलित और मजबूत माना जाता है।
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कोलंबो की पिच आमतौर पर धीमी मानी जाती है और यहां गेंद अक्सर रुककर आती है। ऐसी परिस्थितियों में स्पिन गेंदबाजों की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो जाती है। पाकिस्तान की टीम जहां अबरार अहमद और उस्मान तारिक पर भरोसा जता रही है, वहीं भारत के स्पिनर्स के पास बड़े मैचों का अनुभव है। क्रिकेट के जानकार मानते हैं कि दबाव वाले मुकाबलों में अनुभव और संयम अहम भूमिका निभाते हैं। ऐसे में यह देखना दिलचस्प होगा कि मैच के दिन किस टीम के स्पिन गेंदबाज ज्यादा प्रभावी साबित होते हैं और मुकाबले का रुख अपनी टीम की ओर मोड़ते हैं।