

ODI World Cup: भारत ने महिला वनडे वर्ल्ड कप के 13वें मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया के सामने 330 रनों का लक्ष्य रखा है। भारत के लिए इश मुकाबले में प्रतिका रावल और स्मृति मंधाना ने पहले विकेट के लिए रिकॉर्डतोड़ 155 रनों की साझेदारी की। इन दोनों बल्लेबाजों ने अर्धशतकीय पारी खेली। ये ही कारण था कि टीम इंडिया टूर्नामेंट के 13वें मुकाबले में ऑस्ट्रेलिया के सामने 300+ स्कोर खड़ा कर पाई। इससे पहले ऑस्ट्रेलिया की कप्तान ने टॉस जीतकर भारत को पहले बल्लेबाजी करने का न्योता दिया था।
ऑस्ट्रेलिया महिला टीम के खिलाफ विशाखापट्टनम के मैदान पर खेले जा रहे मुकाबले में भारत ने टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी की जिम्मेदारी संभाली। इस मैच में स्मृति मंधाना और प्रतिका रावल की ओपनिंग जोड़ी ने आक्रामक शुरुआत देते हुए पहले विकेट के लिए 155 रनों की शानदार साझेदारी की। इस स्कोर पर आउट हो गई। उन्होंने 66 गेंदों का सामना करते हुए 121 की स्ट्राइक रेट के साथ 80 रन बनाए। वहीं, रावल ने 96 गेंदों का सामना करते हुए 75 रन बनाए।
रावल और मंधाना के अलावा टीम के लिए हरलीन देओल ने 38 रन की पारी खेली। वहीं, कप्तान हरमनप्रीत कौर ने 22, जेमिमा रोड्रिग्स ने 33, ऋचा घोष ने 32 और अमनजोत कौर ने 16 रन की छोटी पारी खेली। ऑस्ट्रेलिया के लिए एनाबेल सदरलैंड ने सबसे ज्यादा 5 बल्लेबाजों को अपना शिकार बनाया। वहीं, सोफी मोलिन्यूक्स को 3 विकेट और मेगन शुट्ट को 1 विकेट मिला।
स्मृति मंधाना और प्रतिका रावल की ओपनिंग जोड़ी ने आक्रामक शुरुआत देते हुए पहले विकेट के लिए 155 रनों की शानदार साझेदारी की। इस साझेदारी ने न केवल टीम इंडिया को मजबूत स्थिति में रखा, बल्कि उन्होंने 52 साल पुराने रिकॉर्ड को भी ध्वस्त कर दिया। ऑस्ट्रेलिया महिला टीम के खिलाफ महिला वनडे वर्ल्ड कप में अब तक भारत की तरफ से सबसे बड़ी ओपनिंग साझेदारी का रिकॉर्ड इंग्लैंड की बेकवेल और थॉमस के नाम था, जिन्होंने 106 रनों की साझेदारी की थी। अब स्मृति मंधाना और प्रतिका रावल ने इसे तोड़कर 150 से अधिक रन की साझेदारी कर इतिहास रच दिया। इस उपलब्धि के साथ यह जोड़ी ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ महिला वनडे वर्ल्ड कप में पहली ओपनिंग जोड़ी बन गई है, जिन्होंने 150 से ज्यादा रन की साझेदारी की।
स्मृति मंधाना ने इस मुकाबले में दो व्यक्तिग रिकॉर्ड बनाए। उनका पहला रिकॉर्ड एक ही कैलेंडर वर्ष में 1000 रन पूरे करने को लेकर है। ह अब तक की पहली महिला खिलाड़ी बन गई हैं, जिन्होंने एक ही कैलेंडर वर्ष में 1000 रन पूरे किए हैं। इसके अलावा उन्होंने सबसे तेज 5000 रन बनाने का रिकॉर्ड भी अपने नाम किया। वह महिला वनडे क्रिकेट इतिहास में सबसे तेज 5000 रन पूरे करने वाली बल्लेबाज बन गई हैं। उन्होंने यह उपलब्धि केवल 112 पारियों में हासिल की। इससे पहले यह रिकॉर्ड वेस्टइंडीज की स्टीफेन टेलर के नाम था, जिन्होंने 129 पारियों में 5000 रन बनाए थे।