वो धोनी नहीं, सिर्फ संजू सैमसन है... जब थरूर की बात काटते हुए गंभीर ने की थी संजू की तरफदारी; क्या था मामला?

Gautam Gambhir: हेड कोच गौतम गंभीर ने एक बार कांग्रेस सांसद शशि थरूर की एक बात को ऐसे काटा था कि सांसद को अब भी वो याद है। बात ये थी कि थरूर ने गंभीर से बातचीत में सैमसन की तारीफ की थी।
संजू सैमसन 'अगला धोनी' नहीं! जब गौतम गंभीर ने शशि थरूर को दिया था करारा जवाब; पुरानी बहस फिर वायरल
शशि थरूर और गौतम गंभीर (फोटो- सोशल मीडिया)
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Gautam Gambhir on Sanju Samson: गौतम गंभीर और शशि थरूर के बीच हुई एक पुरानी बातचीत आज भी चर्चा में है। थरूर ने एक बार संजू सैमसन की तारीफ करते हुए उन्हें अगला एमएस धोनी बताया था, लेकिन गंभीर ने तुरंत इस बात को काटते हुए कहा कि संजू को किसी जैसा बनने की जरूरत नहीं है, वह अपनी अलग पहचान रखते हैं।

संजू सैमसन पर थरूर का भरोसा

शशि थरूर लंबे समय से संजू सैमसन के बड़े प्रशंसक रहे हैं। उन्होंने बताया कि वह संजू को तब से जानते हैं जब वह महज 14 साल के थे और क्लब क्रिकेट खेल रहे थे। उस समय भी संजू की प्रतिभा साफ नजर आती थी। थरूर के मुताबिक, कम उम्र में ही संजू में बल्लेबाजी और विकेटकीपिंग दोनों में शानदार संतुलन था। उन्होंने उसी समय अनुमान लगा लिया था कि यह खिलाड़ी आगे जाकर बड़ा नाम बनेगा।

टी20 वर्ल्ड कप में चमके सैमसन

संजू सैमसन ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 में अपने प्रदर्शन से सभी को प्रभावित किया। उन्होंने टूर्नामेंट के अहम मुकाबलों में लगातार बेहतरीन पारियां खेलीं और टीम इंडिया की जीत में बड़ा योगदान दिया। वर्चुअल क्वार्टरफाइनल, सेमीफाइनल और फाइनल जैसे बड़े मैचों में उनके बल्ले से लगातार रन निकले, जिसने उन्हें टूर्नामेंट का हीरो बना दिया। थरूर ने भी उनकी इस उपलब्धि पर गर्व जताया।

वेस्टइंडीज मैच की याद

थरूर ने वेस्टइंडीज के खिलाफ खेले गए अहम मुकाबले को याद करते हुए कहा कि उस दिन संजू सैमसन की आंखों में अलग ही आत्मविश्वास दिख रहा था। उन्हें पहले ही महसूस हो गया था कि संजू उस दिन आउट नहीं होंगे। संजू ने उस मैच में शानदार नाबाद पारी खेलते हुए टीम को जीत दिलाई और इतिहास रच दिया। यह पारी उनके करियर की सबसे यादगार पारियों में से एक मानी जा रही है।

मुश्किल समय में भी मिला साथ

शशि थरूर ने बताया कि उन्होंने संजू सैमसन के कठिन दौर में भी उनका साथ दिया। उनका मानना था कि अगर संजू खुद को संभाल लें तो वह दोबारा अपनी लय हासिल कर सकते हैं, क्योंकि उनके अंदर प्रतिभा हमेशा से मौजूद रही है। गंभीर और थरूर के इस किस्से से एक बात साफ होती है कि संजू सैमसन ने खुद की अलग पहचान बनाई है। वह किसी के जैसे बनने की बजाय अपनी शैली में खेलते हैं और यही उनकी सबसे बड़ी ताकत है।

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