अप्रैल में इस दिन पड़ रही है शिवरात्रि, जानिए इस विशेष शिवरात्रि की पूजा विधि
मासिक शिवरात्रि व्रत 26 अप्रैल को मनाई जाएगी। शास्त्रों के अनुसार, इस शुभ अवसर पर देवों के देव महादेव और मां पार्वती की पूजा-अर्चना करने का विधान है। साथ ही सुखी वैवाहिक जीवन पाने के लिए व्रत भी कि किया जाता है।
- Written By: सीमा कुमारी
मासिक शिवरात्रि (सौ.सोशल मीडिया)
Masik Shivratri 2025: मासिक शिवरात्रि व्रत हर महीने कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को मनाया जाता है। इस बार अप्रैल महीने की मासिक शिवरात्रि व्रत 26 अप्रैल को मनाई जाएगी। शास्त्रों के अनुसार, इस शुभ अवसर पर देवों के देव महादेव और मां पार्वती की पूजा-अर्चना करने का विधान है। साथ ही सुखी वैवाहिक जीवन पाने के लिए व्रत भी किया जाता है। आइए, मासिक शिवरात्रि की सही डेट, शुभ मुहूर्त एवं योग जानते हैं-
कब मनाई जाएगी मासिक शिवरात्रि
आपको बता दें कि मासिक शिवरात्रि का व्रत कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि को रखा जाता है। वैशाख माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी तिथि 26 अप्रैल को सुबह 08:27 मिनट पर शुरू होगा, जो अगले दिन 27 अप्रैल को सुबह 04:49 मिनट पर समाप्त हो जाएगा। यानी मासिक शिवरात्रि का व्रत उदयातिथि के अनुसार 26 अप्रैल को रखा जाएगा ।
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मासिक शिवरात्रि पर बन रहे है कई शुभ योग
मासिक शिवरात्रि पर अभिजीत मुहूर्त का संयोग है। अभिजीत मुहूर्त दिन के 11 बजकर 53 मिनट से लेकर दोपहर 12 बजकर 45 मिनट तक है। इसके साथ ही सुबह 08 बजकर 27 मिनट तक भद्रावास योग बन रहा है। इन योग में भगवान शिव की पूजा करने से साधक की सारी मनोकामनाएं पूरी होंगी।
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मासिक शिवरात्रि पर कैसे करें भगवान भोलेनाथ की पूजा
1. सुबह ब्रह्म मुहूर्त में उठ जाएं. फिर नित्य क्रिया करके स्नान करके स्वच्छ वस्त्र धारण करें।
2. अब आप भगवान शिव का आवाहन करें और उनकी उपस्थिति का अनुभव करिए।
3.भगवान शिव को पवित्र जल चढ़ाएं और उनकी पूजा करें।
4. अब भगवान शिव को फल फूल अर्पित करिए।
5. फिर धूप और दीप जलाएं और भगवान शिव की आरती करें।
6. भगवान शिव को नैवेद्य चढ़ाएं और उनकी कृपा का अनुभव करिए।
7. पूजा के दौरान शिव मंत्रों का जाप करें। अंत में भगवान शिव की आरती करके प्रसाद वितरित कर दीजिए।
