अमरनाथ यात्रा पर निकलने से पहले कर लें ये 5 दिव्य उपाय, कहते हैं फिर खुद महादेव बना देते हैं रास्ता आसान
Amarnath Yatra Puja Vidhi: अमरनाथ यात्रा पर रवाना होने से पहले यदि आप कुछ सरल धार्मिक उपाय और भगवान शिव की पूजा करते है। जिनसे महादेव और माता पार्वती की कृपा पूरे सफर में बनी रहने का विश्वास है।
- Written By: सीमा कुमारी
अमरनाथ यात्रा (सौ.AI)
Amarnath Yatra Auspicious Remedies :आज 3 जुलाई 2026 से पवित्र अमरनाथ यात्रा की शुरुआत हो चुकी है। शुक्रवार को श्रद्धालुओं का पहला जत्था जम्मू से रवाना होकर पहलगाम पहुंचेगा, जहां से बाबा बर्फानी के पवित्र गुफा मंदिर तक कठिन पैदल यात्रा शुरू होगी।
हर साल लाखों शिवभक्त इस दिव्य यात्रा में शामिल होते हैं। इस यात्रा पर निकलने से पहले श्रद्धालु पंजीकरण, हेल्थ चेकअप, फिटनेस और जरूरी तैयारियां तो करते ही हैं, लेकिन धार्मिक मान्यताओं के अनुसार कुछ ऐसे आध्यात्मिक उपाय भी बताए गए हैं, जिन्हें करने से यात्रा और भी मंगलमय मानी जाती है। कहा जाता है कि इन उपायों से भगवान शिव और माता पार्वती की विशेष कृपा प्राप्त होती है और यात्रा में आने वाली बाधाएं दूर होने लगती हैं।
यात्रा से पहले जरूर करें ये 5 दिव्य उपाय, मान्यता है कि महादेव स्वयं करते हैं रक्षा
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार अमरनाथ यात्रा केवल एक तीर्थ नहीं, बल्कि आस्था, तप और विश्वास की परीक्षा भी है। इसलिए घर से निकलने से पहले यदि श्रद्धालु श्रद्धापूर्वक कुछ धार्मिक उपाय कर लें, तो पूरी यात्रा के दौरान शिव-पार्वती का आशीर्वाद बना रहता है।
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घर से निकलने से पहले लें महादेव के दरबार का संकल्प
अमरनाथ यात्रा पर रवाना होने से पहले अपने घर या किसी निकट के शिव मंदिर में जाकर भगवान शिव की पूजा करें। यदि संभव हो तो रुद्राभिषेक कराएं या कम से कम श्रद्धा से पूजा-अर्चना करके यात्रा का5 संकल्प लें। मन ही मन यह प्रण करें कि यात्रा पूर्ण होने के बाद वापस आकर भगवान शिव का धन्यवाद करेंगे और संकल्प पूरा करेंगे। मान्यता है कि ऐसा करने वाले भक्तों की यात्रा पर बाबा भोलेनाथ की विशेष कृपा बनी रहती है।
पहले गणेश, फिर नंदी… तभी खुलता है शिवधाम का मार्ग
सनातन परंपरा में किसी भी शुभ कार्य की शुरुआत प्रथम पूज्य भगवान गणेश के स्मरण से होती है। इसलिए अमरनाथ यात्रा शुरू करने से पहले भगवान गणेश की पूजा अवश्य करें। इसके साथ ही भगवान शिव के परम भक्त और वाहन नंदी महाराज का भी स्मरण करें। धार्मिक मान्यता है कि नंदी महाराज प्रसन्न हो जाएं तो शिवधाम तक पहुंचने का मार्ग भी सुगम हो जाता है।
इस मंत्र का जाप करते हुए निकलेंगे तो मन भी मजबूत रहेगा और कदम भी
यात्रा शुरू करने से पहले माता पार्वती और भगवान शिव का ध्यान करें। घर से निकलते समय और पूरी यात्रा के दौरान श्रद्धापूर्वक ‘ॐ नमः शिवाय’ या ‘हर-हर महादेव’ का मानसिक जाप करते रहें। मान्यता है कि शिव मंत्रों का निरंतर स्मरण मन को शांत रखता है, आत्मविश्वास बढ़ाता है और कठिन चढ़ाई में भी नई ऊर्जा का अनुभव कराता है।
कुलदेवता और पितरों का आशीर्वाद लिए बिना न निकलें यात्रा पर
अमरनाथ यात्रा पर रवाना होने से पहले अपने इष्ट देव, कुलदेवता, ग्राम देवता और पितरों का श्रद्धापूर्वक स्मरण करें। उनसे यात्रा की सफलता और सुरक्षित वापसी का आशीर्वाद मांगें। धार्मिक मान्यता है कि जब कुलदेवता और पितरों का आशीर्वाद साथ होता है, तब यात्रा अधिक शुभ और मंगलकारी बनती है।
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इस छोटे से पुण्य कार्य से कई गुना बढ़ जाता है यात्रा का फल
घर से निकलने से पहले अपनी श्रद्धा और सामर्थ्य के अनुसार दान-पुण्य अवश्य करें। जरूरतमंद लोगों को भोजन, वस्त्र या आवश्यक सामग्री दान करें। यदि संभव हो तो ब्राह्मणों को भोजन कराएं। मान्यता है कि दान-पुण्य से यात्रा का पुण्यफल बढ़ता है और भगवान शिव की कृपा शीघ्र प्राप्त होती है।
आस्था के साथ रखें सावधानी भी
धार्मिक उपायों के साथ-साथ यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं को प्रशासन द्वारा जारी सभी सुरक्षा निर्देशों का पालन करना चाहिए। पर्याप्त गर्म कपड़े, आवश्यक दवाइयां, मेडिकल फिटनेस और पंजीकरण जैसे नियमों का पालन करना भी उतना ही जरूरी है। श्रद्धा और सावधानी, दोनों साथ हों, तभी बाबा बर्फानी की यात्रा वास्तव में सफल और मंगलमय मानी जाती है। हर-हर महादेव।
