तमिलनाडु की सत्ता में 'विजय' का शंखनाद, चेन्नई के स्टेडियम में हुआ थलपति का भव्य राजतिलक

Thalapathy Vijay Oath Ceremony: तमिलनाडु के 9वें मुख्यमंत्री के रूप में थलपति विजय ने शपथ ले ली। राहुल गांधी समेत कई दिग्गजों की मौजूदगी में यह शपथ ग्रहण हुआ। इस दौरान भारी भीड़ जमा रही थी।
thalapathy vijay oath ceremony
थलपति विजय, फोटो- सोशल मीडिया
Published on: 
Updated on: 

Tamil Nadu New CM: चेन्नई का जवाहरलाल नेहरू इंडोर स्टेडियम आज एक ऐसे ऐतिहासिक बदलाव का गवाह बना जिसने दक्षिण भारत की राजनीति की दिशा बदल दी है। सुपरस्टार से जननायक बने सी. जोसेफ विजय ने आधिकारिक तौर पर तमिलनाडु की कमान अपने हाथों में ले ली है।

स्टेडियम के भीतर और बाहर उमड़ा जनसैलाब यह बताने के लिए काफी था कि जनता ने पर्दे के नायक को अब अपने असली नायक के रूप में स्वीकार कर लिया है। यह केवल एक शपथ ग्रहण समारोह नहीं था बल्कि तमिलनाडु की पारंपरिक द्रविड़ राजनीति में एक नए विकल्प के उदय की घोषणा थी। सुबह दस बजे का वह पल राज्य के इतिहास में दर्ज हो गया जब विजय ने पद और गोपनीयता की शपथ ली।

चेन्नई के स्टेडियम में हुआ थलपति का राजतिलक

सुपरस्टार विजय ने अपनी फिल्मी चमक-धमक को पीछे छोड़ बेहद शालीनता के साथ मुख्यमंत्री पद की शपथ ली। जवाहरलाल नेहरू इंडोर स्टेडियम में आयोजित इस भव्य समारोह के लिए सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए गए थे और हजारों की संख्या में लोग अपने नए नेता की एक झलक पाने के लिए घंटों पहले ही जमा हो गए थे। राज्यपाल राजेंद्र विश्वनाथ आर्लेकर ने उन्हें मुख्यमंत्री के रूप में शपथ दिलाई, जिससे राज्य में नौवें मुख्यमंत्री के तौर पर उनके कार्यकाल की शुरुआत हुई। इस राजतिलक के साथ ही तमिलनाडु की राजनीति में दशकों पुराने वर्चस्व की जंग अब एक नए मोड़ पर पहुंच गई है।

राहुल गांधी के साथ मौजूद रहे कई दिग्गज

विजय की इस नई राजनीतिक पारी को राष्ट्रीय स्तर पर भी बड़ी मजबूती मिली है क्योंकि कांग्रेस के दिग्गज नेता राहुल गांधी खुद इस समारोह के साक्षी बने। राहुल गांधी विशेष रूप से दिल्ली से चेन्नई पहुंचे ताकि वे मंच पर थलपति विजय के साथ खड़े होकर समर्थन दिखा सकें। डीएमके के साथ गठबंधन टूटने के बाद कांग्रेस का यह कदम राज्य के सियासी समीकरणों में बड़े फेरबदल का संकेत दे रहा है। मंच पर विजय और राहुल गांधी की एक साथ मौजूदगी ने न केवल समर्थकों में जोश भर दिया बल्कि विपक्षी एकता की एक नई तस्वीर भी देश के सामने पेश की है। यह गठबंधन आने वाले समय में राज्य के विकास और राजनीति को नई गति देने का काम करेगा।

चुनौतियों से भरा रहा सफर

भले ही आज विजय सीएम बन गए हैं लेकिन मुख्यमंत्री की इस कुर्सी तक पहुंचने का उनका रास्ता कांटों भरा रहा है। चुनावी नतीजे आने के बाद से ही राज्य में जबरदस्त राजनीतिक खींचतान और ड्रामा देखने को मिला था। राज्यपाल ने बहुमत के जादुई आंकड़े को लेकर काफी सख्त रुख अपनाया था और समर्थन पत्रों में संख्या कम होने के कारण उन्हें पहले वापस भी लौटा दिया था।

अंततः शनिवार को विजय ने 121 विधायकों का समर्थन पत्र सौंपा। इस बहुमत में उनकी पार्टी टीवीके के 108 विधायकों के अलावा कांग्रेस, वामपंथी दलों और वीसीके जैसे साथियों का अहम योगदान रहा है। राज्यपाल ने अब उन्हें विधानसभा में विश्वास मत हासिल करने के लिए 13 मई तक का समय दिया है।

नौ मंत्रियों के साथ विजय सरकार की नई कैबिनेट!

शपथ ग्रहण के इस खास मौके पर विजय के साथ नौ और विधायकों ने भी मंत्री पद की शपथ ली है। इस नई कैबिनेट में छह मंत्री थलपति की पार्टी टीवीके से हैं जबकि तीन चेहरे कांग्रेस कोटे से शामिल किए गए हैं। टीवीके की ओर से के.ए. सेंगोट्टैयान, आधार अर्जुन और बुस्सी आनंद जैसे भरोसेमंद नामों को जिम्मेदारी दी गई है। मंत्रियों की यह टीम अनुभव और युवा जोश का एक अनूठा संगम मानी जा रही है जो विजय के विजन को धरातल पर उतारने का काम करेगी। राज्य के हर कोने में कार्यकर्ता ढोल-नगाड़ों के साथ इस जीत का जश्न मना रहे हैं क्योंकि उन्हें भरोसा है कि उनका थलपति अब एक मुख्यमंत्री के तौर पर उनके जीवन में खुशहाली लाएगा।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com