बादलों की सैर करनी है तो कहां जाएं? बेस्ट चॉइस हैं ये खास जगहें, टॉप पर है सिक्किम!
Best Places in Sikkim: क्या आपने भी कभी ऐसी जगह के बारे में सोचा है, जहां पहुंचकर आप चाहते है कि सारी टेंशन दूर हो जाए। तो आपके लिए हम एक ऐसे राज्य के बारें में बताने जा रहे है। जहां आप बादलों की सैर करेंगे। ठंडी हवाओं और शांत माहौल से घिरे सिक्किम की ये खास जगहें आपको ले जाएंगी नेचर के बेहद करीब। तो चलिए जानते है, उन जगहों के बारें में।
- Written By: यति सिंह
नामची: सिक्किम के सोलोफोक पहाड़ी पर स्थित भारत के प्रमुख तीर्थ स्थलों में से एक है। सिद्धेश्वर धाम के नाम से जाना जाने वाला ये स्थल आकर्षण का केंद्र है। यहां पर भगवान शिव की एक ऊंची प्रतिमा है। इस स्थान की खास बात है, कि इस स्थान का नाम महाकाव्य महाभारत में भी वर्णित है।
लाचुंग और युमथांग घाटी: सिक्किम में फूलों की घाटी के लिए प्रसिद्ध युमथांग घाटी मंगन जिले में स्थित है। हिमालय की गोद में स्थित घास के मैदानों, नदी, गर्म झरनों के लिए फेमस है। यहां पर रोडोडेंड्रोन की कम से कम 24 प्रजातियां पाई जाती है। तीस्ता नदी की एक सहायक नदी इस घाटी से होकर गुजरती है। ये घाटी बसंत के मौसम में फूलों से घिरी रहती है।
सिक्किम के भारत में विलय के 51 साल, राजशाही के अंत से जैविक क्रांति तक, जानें हिमालयी राज्य का गौरवशाली सफर
Life Stressसे हो गए परेशान ?…घूम आइए ये शानदार जगहें, देंगी आपको ताज़गी भरे पल
पहाड़, हरियाली और शानदार व्यू…India की ये 5 जन्नत जैसी सड़कें, बाइक राइडिंग के लिए हैं बेस्ट
अगर आपको पसंद है यूरोप की वादियां तो एक्सप्लोर करें भारत की ये 5 जगहें, कम बजट में मिलेगा ट्रिप का मजा
त्सोंमगो झील: सिक्किम की सबसे सुंदर और खूबसूरत जगहों में से एक है। जिसे चांगू लेक भी कहा जाता है। ये स्थान गंगटोक से लगभग 38-40 किलोमीटर दूर है। यहां की चांगू लेक अपने पानी का रंग बदलने के लिए प्रसिद्ध है। इस जगह पर आप याक की सवारी का भी अनुभव ले सकते है। यह झील सिक्किम के लोगों के लिए रक्षक देवताओं का स्थान माना जाता है।
गंगटोक: हिमालय की गोद में बसा एक ऐसी जगह जहां शांत और मनमोहक स्थान है। गंगटोक में हनुमान टोक जो भगवान हनुमान को समर्पित है, गणेश टोक ये रंग-बिरंगा मंदिर भगवान गमेश को समर्पित है। ये दोनों जगह शांत वातावरण, अनोखी वास्तुकला और मनमोहक दृश्य के लिए प्रसिद्ध है।
पेलिंग स्काईवॉक: सिक्किम के पश्चिमी जिले में स्थित पेल्लिंग में चेनरेज़िग प्रतिमा और स्काईवॉक के लिए आकर्षण का केंद्र है। इसमें बोधिसत्व चेनरेज़िग की 135 फीट ऊंची प्रतिमा है। जो विश्व की चेनरेज़िग स्टेच्यू में सबसे ऊंची है। यहां पर भारत का सबसे पहला पारदर्शी स्काईवॉक है।
