Yavatmal MLC Election: मविआ को बड़ा झटका, कांग्रेस उम्मीदवार साहेबराव कांबले ने नामांकन वापस लिया

Yavatmal MLC Election: यवतमाल विधान परिषद चुनाव में संख्याबल की कमी का हवाला देकर मविआ (कांग्रेस) उम्मीदवार साहेबराव कांबले ने नामांकन वापस ले लिया है, जिससे राजनीतिक हलचल तेज हो गई है।
In a major setback for MVA, Congress MLC candidate Sahebrao Kamble withdrew his nomination in Yavatmal citing a lack of required numbers, altering the poll dynamics.
यवतमाल विधान परिषद चुनाव (सोर्स- नवभारत)
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Yavatmal Mahayuti News: महाराष्ट्र विधान परिषद चुनाव के चलते राजनीतिक माहौल पूरी तरह से चरम पर था। इसी कड़ी में महाविकास आघाड़ी को यवतमाल में जबर्दस्त झटका लगा है। कांग्रेस के अधिकृत उम्मीदवार साहेबराव कांबले ने चुनावी मैदान से अचानक अपना नामांकन वापस ले लिया। जिससे राजनीतिक खेमे में हलचल पैदा हो गई है। बता दें कि यवतमाल विधान परिषद चुनाव के लिए महाविकास आघाडी से साहबराव कांबले को उम्मीदवारी दी गई थीं।

उनका मुकाबला महायुति के उम्मीदवार दुष्यंत चतुर्वेदी से होनेवाला था। लेकिन उम्मीदवारी पर्चा वापस लेने के अंतिम दिन के एक दिन पहले ही कांबले ने जिलाधिकारी कार्यालय पहुंचकर अपना नामांकन वापस ले लिया। नामांकन वापस लेने के संबंध में साहबराव कांबले ने बताया कि चुनाव के लिए आवश्यक संख्याबल उपलब्ध नहीं होने से यह निर्णय लिया गया। इसके अलावा उम्मीदवारी देने पर कांबले ने कांग्रेस पार्टी का भी आभार माना।

कांबले के इस निर्णय से मविआ के सामने नया राजनीतिक सवाल निर्माण हो गया है। कांबले के चुनावी मैदान से पीछे हटने के बाद मविआ कौनसे उम्मीदवार को समर्थन देगी इस ओर सभी की निगाहें टिकी हुई है। उम्मीदवारी वापस लेने का अंतिम दिन 4 जून था।

इस स्थिति में कांबले ने बुधवार को ही अपना नामांकन वापस लेने से राजनीतिक गलियारों में चर्चाओं का बाजार गरमाया हुआ है। विप चुनाव के लिए शिंदेसेना की तरफ से दुष्यंत चतुर्वेदी मुकाबले में है। वहीं भाजपा के बगावती नेता और जिला समन्वयक नितिन भूतडा ने भी अपना उम्मीदवारी आवेदन दाखिल किया है। इसके अलावा एमआईएम के 7, वंचित बहुजन आघाडी के 5, जनशक्ति के 20 और 20 निर्दलीय पार्षदों के वोट भी निर्णायक साबित होंगे।

भूतड़ा मुंबई में, तस्वीर राकां के साथ

फिलहाल भूतड़ा मुंबई शहर में डेरा डाले हुए हैं। उन्होंने हाल ही में राष्ट्रवादी कांग्रेस के नेता व राज्यमंत्री इंद्रनील नाईक के साथ मुलाकात करने के फोटो सोशल मीडिया पर वायरल होने से चर्चाओं ने जोर पकड़ लिया है। यदि नितिन भूतडा ने अपनी उम्मीदवारी बरकरार रखी तो उनको भाजपा के कुछ नेताओं का अप्रत्यक्ष रूप से सर्मथन मिल सकता है। वहीं शिंदे सेना के उम्मीदवार दुष्यंत चतुर्वेदी के सामने समीकरण जटिल हो सकते हैं। यवतमाल विधान परिषद चुनाव में केवल पार्षद मतदान करेंगे कुल 446 मतदाता चुनाव का अधिकार निभाएंगे।

महायुति का संख्याबल सीटें
भाजपा 125
शिंदे सेना 107
राकांपा (अजित गुट) 29
कुल वोट 261
महाविकास आघाड़ी का संख्याबल सीटें
कांग्रेस 99
शिवसेना (ठाकरे गुट) 23
राकांपा (शरद पवार गुट) 3
कुल 125

पार्टी के साथ कोई चर्चा नहीं

नाईक इस संबंध में कांग्रेस जिलाध्यक्ष एड. सचिन नाईक ने बताया कि नामांकन पर्चा वापस लेने का निर्णय लेते समय साहबराव कांबले ने पार्टी के साथ कोई चर्चा नहीं की है। अब कांग्रेस के पदाधिकारी एकसाथ बैठकर आगे का निर्णय लेंगे। लोकतंत्र को जीवित रखना है तो लड़ना पड़ेगा।

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