वर्धा में 3.78 लाख वाहनों के लिए HSRP अनिवार्य, परिवहन विभाग ने जारी की चेतावनी

Wardha HSRP: वर्धा में 1 अप्रैल 2019 से पहले के सभी वाहनों पर HSRP नंबर प्लेट लगाना अनिवार्य है। सरकार ने इसके लिए 30 जून 2026 तक का समय दिया है, जिसके बाद जुर्माना लगेगा।
HSRP Number Plate Maharashtra
HSRP नंबर प्लेट प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स - सोशल मिडिया)
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High Security Registration Plate Wardha: वर्धा जिले कि केंद्र सरकार के निर्देशानुसार 1 अप्रैल 2019 से पहले पंजीकृत सभी वाहनों पर हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट लगवाना अनिवार्य कर दिया गया है। इस संबंध में राज्य सरकार ने वाहन मालिकों को अंतिम राहत देते हुए 30 जून 2026 तक की समय-सीमा निर्धारित की है।

इसके बाद 1 जुलाई से नियमों का पालन नहीं करने वाले वाहन मालिकों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। उप प्रादेशिक परिवहन विभाग के अनुसार वर्धा जिले में कुल 3 लाख 78 हजार 326 वाहन पंजीकृत हैं। इनमें से एचएसआरपी नंबर प्लेट के लिए 1 लाख 42 हजार 103 वाहन मालिकों ने ऑनलाइन आवेदन किया है, जबकि 1 लाख 34 हजार 55 वाहनों पर हाई सिक्योरिटी नंबर प्लेट लगाई जा चुकी है।

परिवहन विभाग ने सभी शासकीय, अर्द्धशासकीय तथा निजी वाहन मालिकों से अपील की है कि वे 30 जून तक सरकार द्वारा अधिकृत पोर्टल पर पंजीकरण कर अपने वाहन पर एचएसआरपी नंबर प्लेट लगवाएं, ताकि कार्रवाई से बचा जा सके,

क्या है एचएसआरपी नंबर प्लेट ?

हाई सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट विशेष रूप से एल्यूमिनियम से बनाई जाती है। इसके बाएं हिस्से में 10 अंकों का यूनिक लेजर कोड अंकित होता है। प्लेट पर क्रोमियम आधारित होलोग्राम भी लगाया जाता है, जिसमें वाहन से संबंधित महत्वपूर्ण जानकारी ऑनलाइन दर्ज रहती है। यह प्लेट नकली तरीके से तैयार नहीं की जा सकती, जिससे वाहन चोरी, फर्जी नंबर प्लेट और सड़क अपराधों पर अंकुश लगाने में मदद मिलती है।

अधिकारी ने की अपील

उप प्रादेशिक परिवहन अधिकारी स्नेहा मेंढे ने बताया कि केंद्रीय सड़क परिवहन एवं राजमार्ग मंत्रालय के निर्देशों के अनुसार 1 अप्रैल 2019 से पूर्व पंजीकृत सभी वाहनों के लिए एचएसआरपी अनिवार्य है। उन्होंने वाहन मालिकों से 30 जून से पहले नंबर प्लेट लगवाने का आग्रह किया है।

उन्होंने स्पष्ट किया कि समय-सीमा समाप्त होने के बाद नियमों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। परिवहन विभाग का मानना है कि एचएसआरपी व्यवस्था लागू होने से वाहनों की पहचान आसान होगी तथा सड़क सुरक्षा और अपराध नियंत्रण को मजबूती मिलेगी।