

Child Marriage In Wardha: प्रशासन की सतर्कता और चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 की सूचना पर समय रहते कार्रवाई करते हुए कारंजा (घा.) तहसील के एक गांव में होने जा रहा नाबालिग बालिका का विवाह रोक दिया गया। यह कार्रवाई 3 अक्टूबर को की गई। प्रशासन की तत्परता से बालिका का विवाह 24 वर्षीय युवक से होने से रोक दिया गया।
जानकारी के अनुसार, मध्य प्रदेश के सिवनी जिले के धारणा निवासी नाबालिग बालिका का विवाह कारंजा (घा.) तहसील के एक 24 वर्षीय युवक से तय हुआ था। बाल विवाह की प्राथमिक जानकारी महिला एवं बाल विकास विभाग की चाइल्ड हेल्पलाइन 1098 पर एक कॉलर ने दी।
सूचना मिलते ही स्थानीयअपराध शाखा के अनैतिक मानव तस्करी विरोधी दल के पुलिस कर्मचारी नवनाथ मुंडे से समन्वय कर घटनास्थल की जानकारी जुटाई गई। जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी तृप्ती चव्हाण के मार्गदर्शन में जिला बाल संरक्षण कक्ष, चाइल्ड हेल्पलाइन, पुलिस विभाग और स्थानीय प्रशासन का संयुक्त दल तत्काल गांव पहुंचा।
चाइल्ड हेल्पलाइन के परियोजना समन्वयक आशिष मोडक व सहयोगियों ने दोनों परिवारों का समुपदेशन किया। उन्हें बाल विवाह से होने वाले शारीरिक एवं मानसिक दुष्परिणामों के साथ ही कानूनी प्रावधानों की जानकारी दी गई।
बाल विवाह प्रतिबंधक अधिनियम 2006 के तहत बाल विवाह दंडनीय अपराध होने की जानकारी देने के बाद परिजनों ने विवाह रोकने पर सहमति जताई। उनसे बाल विवाह नहीं करने का लिखित बयान भी लिया गया।
इस दौरान विस्तार अधिकारी साहेबराव खंडार, सरवाड़ी की सरपंच संगीता गोहते, पीएसआई मनोज शेंडे, संरक्षण अधिकारी नितिन जुगनाके, रामेश्वर राठोड़, आंगनवाड़ी सेविका तथा सहा। बाल विवाह प्रतिबंधक अधिकारी निर्मला चोपड़े, पुलिस पाटिल प्रथमेश बीरगेड तथा चाइल्ड हेल्पलाइन की जयश्री निवल, पुरुषोत्तम कांबले, संतोष डोणे और वैभव भांदककर उपस्थित थे।
बालिका की शिक्षा और सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए उसे बाल कल्याण समिति, वर्धा के समक्ष प्रस्तुत करने के निर्देश पालकों को दिए गए हैं। आगे की कानूनी एवं पुनर्वास संबंधी कार्रवाई समिति के माध्यम से की जाएगी।
जिला महिला एवं बाल विकास अधिकारी तृप्ती चव्हाण ने बताया कि 2 अक्टूबर को जिले में बाल विवाह मुक्त ग्राम पंचायत को लेकर व्यापक जनजागृति कार्यक्रम आयोजित किए गए। प्रशासन बाल विवाह रोकने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने नागरिकों से कहीं भी बाल विवाह की जानकारी मिलने पर तत्काल 1098 टोल-फ्री क्रमांक पर सूचना देने की अपील की।