

Wardha District Heavy Rainfall Update: जून माह के अंतिम दो दिनों तक बारिश थम जाने से किसानों में चिंता बढ़ गई थी कि कहीं मानसून कमजोर न पड़ जाए, लेकिन 1 जुलाई की रात जिलेभर में हुई जोरदार बारिश ने किसानों और आम नागरिकों को बड़ी राहत दी। पिछले 24 घंटों में वर्धा जिले में औसतन 50.4 मिमी वर्षा दर्ज की गई, जबकि जिले के 18 राजस्व मंडलों में अतिवृष्टि हुई।
सबसे अधिक बारिश आष्टी तहसील में दर्ज की गई, जहां 79 मिमी वर्षा हुई। जिला प्रशासन के अनुसार, पिछले 24 घंटों में आर्वी तहसील में 63.6 मिमी, कारंजा में 58.3 मिमी, आष्टी में 79 मिमी, वर्धा में 53.5 मिमी, सेलू में 35.7 मिमी, देवली में 40 मिमी, हिंगनघाट में 47.1 मिमी तथा समुद्रपुर में 40.1 मिमी बारिश दर्ज की गई। इस वर्ष जून माह में जिले में सामान्य से केवल 71 प्रतिशत वर्षा ही हुई थी।
21 जून के बाद मानसून सक्रिय होने पर किसानों ने खरीफ फसलों की बुआई में तेजी लाई। जिले में अब तक लगभग 1.13 लाख हेक्टेयर क्षेत्र में खरीफ फसलों की बुआई पूरी हो चुकी है। मजदूरों की कमी के बावजूद किसान उपलब्ध संसाधनों के साथ खेती के कार्य में जुटे हुए हैं। मौसम विभाग ने एल नीनो और बदलते मौसम के प्रभाव के कारण इस वर्ष सामान्य से कम वर्षा की संभावना जताई है। ऐसे में बुधवार रात हुई मूसलाधार बारिश किसानों के लिए राहत लेकर आई है।
पिछले चौबीस घंटे में हुई जोरदार बारिश से 18 राजस्व मंडलों में अतिवृष्टि दर्ज की गई। इसमें समुद्रपुर तहसील के वायगांव मंडल में 79 मिमी, हिंगनघाट तहसील के वडनेर 66.8 मिमी, पोहणा 115.3 मिमी, अल्लीपुर 66.5 मिमी, सिरसगांव में 66.8 मिमी।
बुधवार रात हुई तेज बारिश से जिले की कई नदियों और नालों का जलस्तर बढ़ गया। आकाशीय बिजली और भारी वर्षा के कारण जिले के कुछ क्षेत्रों में नुकसान की भी खबरें सामने आई हैं। वर्धा जिला प्रशासन विभिन्न तहसीलों से नुकसान का ब्यौरा एकत्र कर रहा है। पूरी जानकारी मिलने के बाद क्षति का अंतिम आकलन किया जाएगा।