दिनदहाड़े हत्या की वारदात से फिर दहली उद्योगनगरी, चिखली में सब्जी विक्रेता की गोली मारकर हत्या
- Written By: संतोष मिश्रा
पिंपरी: पिंपरी-चिंचवड़ पुलिस आयुक्तालय की सीमा में कानून व्यवस्था पर सवाल खड़ा कर देनेवाली दिनदहाड़े हत्या (Murder) की एक और वारदात से उद्योगनगरी दहल उठी है। सोमवार की दोपहर ढाई बजे के करीब चिखली (Chikhali) में एक सब्जी विक्रेता (Vegetable Seller) की गोली मारकर हत्या कर दी गई। चंद दिनों पहले तलेगांव में नगरपालिका के मुख्यालय में जनसेवा विकास समिति के अध्यक्ष किशोर अवारे (Kishore Aware) की दिनदहाड़े गोली मारकर और घातक हथियारों से काटकर निर्मम हत्या कर दी गई। इसके बाद आज एक सब्जी विक्रेता की भरी दोपहर गोली मारकर हत्या कर दी गई।
इस वारदात के बारे में पुलिस से मिली प्राथमिक जानकारी के अनुसार, मरनेवाले युवक का नाम सोन्या तापकीर (20) है। आज दोपहर चिखली गांव में दोपहिया पर सवार होकर आए दो अज्ञात लोगों ने सोन्या तापकीर पर गोली दागी और उसके धराशायी होकर नीचे गिरते ही दोनों हमलावर मौके से उसी दोपहिया पर सवार होकर भाग निकले।
इलाज के दौरान हुई मौत
घायल सोन्या को तत्काल समीप के अस्पताल में ले जाया गया। जहां इलाज के दौरान उसने दम तोड़ दिया। उसकी लाश को पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया गया है। इस वारदात की जानकारी मिलते ही स्थानीय चिखली पुलिस के साथ क्राइम ब्रांच के अलग-अलग दस्तों के अधिकारी अपने दलबल के साथ मौके पर दाखिल हुए और छानबीन शुरू कर दी गई है।
सम्बंधित ख़बरें
इंदौर में ‘नंबर 1’ की सफाई पर उठे गंभीर सवाल! पहली ही बारिश में बहे नगर निगम के सिंहस्थ तैयारी वाले कागजी दावे
बच्चे को वाशिंग मशीन में डाला, टॉयलेट के जेट स्प्रे से मुंह पर पानी मारा, केयरगिवर्स का अमानवीय वीडियो वायरल
साकीनाका मैनहोल हादसे पर भड़कीं मेयर रितु तावड़े; वार्ड ऑफिसर, जेई और एई समेत 4 लोगों के सस्पेंशन का दिया आदेश
गुलाबी मीनाकारी से चमकी काशी की पहचान, लाखों के चेस सेट की विदेशों में जबरदस्त डिमांड
पुलिस का दावा-हमलावरों का मिला ठोस सुराग
सोन्या तापकीर का पुलिस में कोई रिकॉर्ड नहीं हैं और वह सब्जी की बिक्री कर अपनी आजीविका चलाता था, ऐसा अब तक की जांच में सामने आया है। आखिर उसकी किसी से ऐसी क्या दुश्मनी होगी कि उसे गोली मारकर मौत के घाट उतार दिया गया होगा? यह सवाल सभी को सता रहा है। बताया जा रहा है कि पुलिस को हमलावरों के बारे में ठोस सुराग मिल गए हैं और जल्द ही वे सलाखों के पीछे होंगे। हालांकि पिंपरी- चिंचवड़ पुलिस आयुक्तालय की सीमा में कानून व्यवस्था और सवाल उठानेवाली दिनदहाड़े हत्या और अन्य गंभीर आपराधिक वारदातों की श्रृंखला आखिर कब खत्म होगी? यह सवाल उठाया जा रहा हैं।
