Thane Ring Metro Revised Plan: ठाणे रिंग मेट्रो परियोजना में जनहित को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए उप मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने मेट्रो प्राधिकरण को निर्देश दिए कि रिंग मेट्रो का संशोधित प्रारूप इस तरह तैयार किया जाए, जिससे कम से कम नागरिकों का विस्थापन हो और अधिक से अधिक ठाणे वासियों को मेट्रो का लाभ मिल सके।
वे मेट्रो प्राधिकरण की आयोजित बैठक में अधिकारियों संबोधित कर रहे थे। परिवहन मंत्री एवं ओवला-माजीवड़ा विधानसभा क्षेत्र के विधायक प्रताप सरनाईक द्वारा बैठक में दिए गए सुझावों पर ध्यान देते हुए यह निर्णय लिया गया है।
ठाणे शहर को विकास के माध्यम से आगे ले जाते समय उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे ने पिछले कई वर्षों में विभिन्न महत्वाकांक्षी शहरी विकास परियोजनाओं को पूरा किया है। उनमें से केंद्र सरकार द्वारा निधि के साथ स्वीकृत ठाणे रिंग मेट्रो परियोजना भविष्य की परिवहन प्रणाली की दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण परियोजना है।
ठाणे की बढ़ती जनसंख्या, बढ़ते यातायात और भविष्य की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए शहर के आंतरिक यातायात को अधिक तीव्र, सुगम और सुचारु बनाने में यह परियोजना महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाएगी, मेट्रो प्राधिकरण द्वारा बैठक में प्रस्तुत मूल प्रारूप के संबंध में प्रताप सरनाईक ने विस्तृत बात रखी, उन्होंने ध्यान आकर्षित किया कि वागले एस्टेट से लोकमान्य नगर बस डिपो के रास्ते उपवन क्षेत्र की ओर जाने वाले प्रस्तावित मार्ग के कारण लोकमान्य नगर के लगभग 1500 परिवारों के प्रभावित होने की सभावना है।
इसके अलावा उपवन में एयरफोर्स शूटिंग रेंज के पास स्थित उपवन इंडस्ट्रीज का कुछ हिस्सा भी प्रभावित होगा और ठाणे शहर की सांस्कृतिक पहचान 'उपवन आर्ट फेस्टिवल' के अस्तित्व पर भी प्रश्नचिह्न खड़ा होने की संभावना उन्होंने बैठक में जताई। इसके अतिरिक्त, उन्होंने इस गंभीर तथ्य की ओर भी ध्यान भी दिलाया।
ठाणे रिंग मेट्रो परियोजना आम नागरिकों के हित की परियोजना होनी चाहिए। विकास करते समय कम से कम नागरिकों का विस्थापन हो और अधिक से अधिक ठाणेवासियों को मेट्रो का लाभ मिले, यही हमारा रुख है।
मेरे सुझावों पर ध्यान देकर जनहित को प्राथमिकता देते हुए संशोधित प्रारूप तैयार करने के निर्देश देने वाले उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे का मैं हृदय से आभार व्यक्त करता हूं। उनके इस निर्णय से ओवला-माजीवडा विधानसभा क्षेत्र सहित ठाणे के हजारों नागरिकों को बड़ी राहत मिलेगी।
- परिवहन मंत्री, प्रताप सरनाईक
ओवला-माजीवड़ा क्षेत्र से चार बार विधायक के रूप में इस क्षेत्र का गहन अध्ययन होने के कारण प्रताप सरनाईक ने बैठक में कहा कि यदि मेट्रो का प्रारूप तैयार करते समय स्थानीय जन प्रतिनिधियों से चर्चा की गई होती तो अधिक जन-उन्मुख विकल्प उपलब्ध हो सकता था।
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उन्होंने एक वैकल्पिक मार्ग का सुझाव दिया, जिसमें वागले एस्टेट, लोकमान्य नगर बस डिपो, आई माता मंदिर, रुनवाल प्लाजा, वेदांत, आचार्य अत्रे मार्ग, वर्तक नगर, पोखरण रोड क्रमांक 1, देवदया पार्क, पोखरण रोड क्रमांक 2 बताया, उन्होंने स्पष्ट किया कि आधुनिक तकनीक का उपयोग करके इस मार्ग की विकसित करने से मेट्रो की आर्थिक व्यवहार्यता बढ़ेगी, बड़े पैमाने पर विस्थापन टलेगा।