महाराष्ट्र TET पेपर लीक: जूतों में छिपाकर निकाला था प्रश्नपत्र, ठाणे पुलिस ने कोर्ट में पेश की चार्जशीट

Maharashtra TET Paper Leak: महाराष्ट्र शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) पेपर लीक मामले में ठाणे पुलिस ने भिवंडी अदालत में 3,500 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की। जूतों के इनसोल में छिपाकर पेपर निकाला गया था।
Question paper smuggled out hidden in shoes; Thane Police files charge sheet in court
पेपर लीक मामला, बिजेंद्र गुप्ता बिहार गिरफ्तारीसोर्स- सोशल मीडिया
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Maharashtra TET Paper Leak Case Charge Sheet: उत्तर प्रदेश के आगरा स्थित महिम पत्रण प्राइवेट लिमिटेड प्रिंटिंग प्रेस से महज 8,000 रुपये व आगरा में भूखंड के वादे के एवज में महाराष्ट्र शिक्षक पात्रता परीक्षा (टीईटी) पेपर लीक हुआ था।

प्रिंटिंग प्रेस के कर्मचारियों ने प्रश्नपत्रों को मोड़कर अपने जूतों के इनसोल (तलवे) में छिपाकर सुरक्षा व्यवस्था को चकमा देकर बाहर निकाला था। यह खुलासा ठाणे पुलिस की चार्जशीट में किया गया है।

ठाणे पुलिस ने भिवंडी अदालत में 18 आरोपियों के खिलाफ लगभग 3,500 पन्नों की चार्जशीट दाखिल की है। जिसमें 16 गिरफ्तार और 2 फरार हैं। इस अंतरराज्यीय रैकेट का मुख्य साजिशकर्ता बिजेंद्र गुप्ता को बताया गया है, जिसे बिहार से गिरफ्तार किया गया था।

भिवंडी के सहायक पुलिस आयुक्त विजय मराठे के मुताबिक आरोप-पत्र में 18 अभियुक्तों के नाम शामिल हैं, जिनमें से 16 को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि दो अशोक साव और प्रकाश मिसल अभी भी

जांच का रास्ता आगरा के प्रिंटिंग प्रेस तक ले गया

भिवंडी के कोनगांव पुलिस स्टेशन में लीक के सिलसिले में मामला दर्ज किया गया। जांच फिर महाराष्ट्र राज्य से बाहर तक फैल गई क्योंकि पुलिस ने भिवंडी में बरामद चार सेटों से पीछे की ओर काम करते हुए यह स्थापित किया कि लीक कहां से शुरू हुआ था और यह पेपर कथित अंतरराज्यीय नेटवर्क के जरिए कैसे आगे बढ़ा। अंततः जांच का रास्ता जांचकर्ताओं को आगरा के प्रिंटिंग प्रेस तक ले गया।

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पुलिस का आरोप है कि कर्मचारियों द्वारा परिसर से गोपनीय पत्र निकाले गए और गुप्ता से जुड़े मध्यस्थों के माध्यम से आगे बढ़ाए गए, जिसके बाद इसकी प्रतियां उन लोगों तक पहुंचीं जो इन्हें महाराष्ट्र में बेचने का प्रयास कर रहे थे।

आरोप-पत्र में वितरण श्रृंखला को स्थापित करने में महत्वपूर्ण साक्ष्य के रूप में बिहार में एक मूल टीईटी प्रश्न पत्र की बरामदगी और आरोपियों के बीच वित्तीय लेनदेन (फाइनेंशियल ट्रेल) का हवाला दिया गया है।

जांच के अनुसार, मूल पेपर गुप्ता के एक रिश्तेदार के बिहार स्थित आवास से बरामद किया गया था। फरार हैं। पुलिस ने लीक के तार आगरा के उस प्रेस से जोड़े हैं जहां टेट के पेपर छापे गए थे और कथित वितरण श्रृंखला को स्थापित करने के लिए वित्तीय और तकनीकी साक्ष्यों के साथ-साथ बिहार में एक मूल प्रश्न पत्र की बरामदगी का भी उल्लेख किया है।

आरोप-पत्र के अनुसार, लीक का स्त्रोत आगरा स्थित महिम पत्रण प्राइवेट लिमिटेड' नामक प्रिंटिंग प्रेस था, जहां महाराष्ट्र शिक्षक पात्रता परीक्षा के प्रश्न पत्र छापे जा रहे थे। जांचकर्ताओं का आरोप है कि प्रेस के दो वर्तमान कर्मचारियों और एक पूर्व कर्मचारी ने गोपनीय पत्रों को अपने जूतों के इनसोल के नीचे छिपाकर सुरक्षा जांच से बचते हुए बाहर निकाला। शुरुआती जांच में सामने आया कि ये पेपर कथित तौर पर 15 जून से 17 जून के बीच प्रेस से निकाले गए थे।

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