

Sanjay Raut Health News: इंडिया गठबंधन के सांसदों ने आज राजधानी दिल्ली में चुनाव आयोग के कार्यालय की ओर विरोध प्रदर्शन करते हुए मार्च निकाला। इस दौरान कड़क धूप और भारी गहमागहमी के बीच शिवसेना (उद्धव बालासाहब ठाकरे) के नेता और राज्यसभा सांसद संजय राउत की तबीयत अचानक बिगड़ गई।
भीषण गर्मी और धूप के संपर्क में रहने के कारण उन्हें चक्कर आ गया और वे अचेत होने लगे, जिसके बाद वहां मौजूद उनके साथी सांसदों और सुरक्षाकर्मियों ने उन्हें तुरंत संभाला।
संजय राउत को तत्काल भीड़ से हटाकर छायादार स्थान पर ले जाया गया, जहां उन्हें पानी पिलाकर प्राथमिक उपचार दिया गया। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, मार्च के दौरान बढ़ता तापमान और भारी पुलिस बल की ओर से की गई बैरिकेडिंग के कारण काफी अव्यवस्था का माहौल बन गया था। गनीमत रही कि सहयोगियों ने राउत को गिरने से पहले ही थाम लिया। फिलहाल डॉक्टरों और सहयोगियों के अनुसार उनकी स्थिति स्थिर है और वे डॉक्टरों की निगरानी में हैं।
यह घटना उस समय हुई जब राहुल गांधी और प्रियंका गांधी के नेतृत्व में विपक्षी सांसद चुनाव आयोग के रुख और सरकार की नीतियों के खिलाफ संसद परिसर से चुनाव आयोग मुख्यालय की ओर पैदल मार्च निकाल रहे थे। हालांकि, दिल्ली पुलिस ने इस आक्रामक मार्च को आकाशवाणी भवन के पास ही भारी बैरिकेडिंग करके रोक दिया।
दिल्ली पुलिस द्वारा मार्च रोके जाने के बाद माहौल काफी तनावपूर्ण हो गया। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारी सांसदों के बीच तीखी बहस और धक्का-मुक्की देखने को मिली। स्थिति को नियंत्रण में लेने के लिए दिल्ली पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए राहुल गांधी, प्रियंका गांधी वाड्रा सहित कई प्रमुख विपक्षी सांसदों को हिरासत में ले लिया।
संजय राउत ने सोशल मीडिया मंच एक्स पर विपक्ष के प्रदर्शन का वीडियो जारी करते हुए लिखा कि आज मैंने दिल्ली में भ्रष्ट चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर विपक्ष के मार्च में हिस्सा लिया। राहुल गांधी ने संसद भवन से निर्वाचन सदन तक मार्च का नेतृत्व किया। शिवसेना के सांसद अरविंद सावंत और अनिल देसाई भी इस मार्च में शामिल हुए। उन्होंने लिखा बदलाव तो होकर रहेगा। यह बात एक बार फिर साफ हो गई है।
प्रदर्शन के दौरान दिल्ली पुलिस की कार्रवाई को लेकर भी गंभीर आरोप लग रहे हैं। मुंबई से कांग्रेस सांसद वर्षा गायकवाड़ ने आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस ने प्रदर्शनकारियों के साथ सख्ती बरती और धक्का-मुक्की की।
इस झड़प में सांसद वर्षा गायकवाड़ और सांसद श्यामकुमार बर्वे को चोटें आई हैं और वे घायल हो गए हैं। विपक्षी नेताओं ने पुलिस प्रशासन की इस कार्रवाई की कड़ी निंदा की है और इसे लोकतंत्र की आवाज दबाने का प्रयास बताया है।