रोहित पवार का खुला चैलेंज, 2 हफ्ते में रिपोर्ट आई तो मंत्री को पहनाऊंगा माला, वर्ना बंद करें ड्रामा

Rohit Pawar Baramati News: रोहित पवार ने बारामती प्रेस कॉन्फ्रेंस में अजीत पवार के प्लेन क्रैश मामले पर केंद्र सरकार को घेरा। सुनेत्रा पवार के समर्थन और भविष्य की राजनीतिक लड़ाई पर बड़ा बयान दिया।
Rohit Pawar issues an open challenge: "If the report is released within two weeks, I will garland the Minister; otherwise, stop the drama."
प्रेस कॉंफ्रेंस के दौरान रोहित पवार (सोस: सोशल मीडिया)
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Rohit Pawar Baramati: बारामती में वोट डालने के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार) के विधायक रोहित पवार ने उपमुख्यमंत्री अजीत पवार के विमान हादसे (Plane Crash) की जांच को लेकर केंद्र सरकार और विमानन मंत्रालय पर गंभीर सवाल उठाए हैं। जय पवार के आत्मविश्वास पर तंज कसते हुए रोहित ने कहा कि विमान दुर्घटना जांच ब्यूरो (AIB) की फाइनल रिपोर्ट अगले दो हफ्तों में आना लगभग असंभव है।

केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री का सार्वजनिक सत्कार करूँगा

रोहित पवार ने तल्ख लहजे में कहा, "देश में ऐसे कई विमान हादसे हुए हैं जिनकी जांच रिपोर्ट सालों से लंबित है। अगर AIB इस मामले की फाइनल रिपोर्ट अगले 15 दिनों में पेश कर देती है, तो मैं खुद दिल्ली जाकर केंद्रीय नागरिक उड्डयन मंत्री का सार्वजनिक सत्कार करूँगा।" उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार इस मामले में पारदर्शिता बरतने के बजाय वी.के. सिंह जैसे लोगों को जांच के दायरे से बचाने की कोशिश कर रही है।

कर्तव्य या मजबूरी?

बारामती उपचुनाव के संदर्भ में रोहित पवार ने अपनी भूमिका स्पष्ट करते हुए एक बड़ा बयान दिया। उन्होंने कहा कि इस बार उन्होंने सुनेत्रा पवार (काकी) का साथ केवल अजीत दादा के प्रति अपने पारिवारिक 'कर्तव्य' के नाते दिया है। यह समर्थन विशुद्ध रूप से भावनात्मक था, लेकिन इसे भविष्य की राजनीति का स्थायी संकेत नहीं माना जाना चाहिए।

पवार बनाम पवार

रोहित पवार ने आगामी राजनीति को लेकर कड़ा रुख अपनाते हुए कहा कि भविष्य में 'पवार बनाम पवार' के संघर्ष को नकारा नहीं जा सकता। उन्होंने कहा "बतौर राजनेता अगर आगे चलकर काकी (सुनेत्रा पवार) की नीतियों या उनके राजनीतिक स्टैंड से हमारी विचारधारा नहीं मिली, तो मैं उनका डटकर विरोध करूँगा। रोहित ने स्पष्ट किया कि राजनीति में विचारधारा सर्वोपरि है। वर्तमान में भावनात्मक आधार पर समर्थन देने के बावजूद, भविष्य में वे एक प्रतिद्वंद्वी राजनेता के रूप में अपनी भूमिका निभाने के लिए तैयार हैं।

बारामती की राजनीति में नया मोड़

रोहित पवार की इस प्रेस कॉन्फ्रेंस ने बारामती की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। एक ओर जहां उन्होंने विमान हादसे की जांच को लेकर केंद्र सरकार की मंशा पर सवाल उठाए हैं, वहीं दूसरी ओर परिवार के भीतर चल रहे 'शीत युद्ध' को भी हवा दे दी है। उनके इस बयान से साफ है कि आगामी विधानसभा चुनावों में बारामती का रण और भी दिलचस्प होने वाला है।

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