

पुणे मनपा मुख्यालय में बम धमाके और आग की सूचना पर मॉक ड्रिल।
दमकल टीम ने 15 मिनट में आग बुझाने का अभ्यास पूरा किया।
दूसरी मंजिल से 4 कर्मचारियों और छत से अधिकारियों को सुरक्षित निकाला गया।
Pune Municipal Corporation: अंतरराष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण दिवस के अवसर पर मंगलवार को पुणे महानगरपालिका (मनपा) के मुख्यालय में आपातकालीन स्थिति से निपटने के लिए मॉक ड्रिल आयोजित की गई।
अभ्यास के दौरान मुख्य इमारत में बम विस्फोट जैसी आवाज और आग लगने की काल्पनिक सूचना से आपातकालीन व्यवस्था सक्रिय की गई। इसका उद्देश्य सुरक्षा तैयारियों, बचाव कार्यों और विभिन्न विभागों के बीच समन्वय की जांच करना था।
पुणे शहर में मॉक ड्रिल के तहत दोपहर 3.55 बजे नियंत्रण कक्ष को आपातकालीन सूचना मिलने का परिदृश्य तैयार किया गया। इसके पांच मिनट बाद, शाम 4 बजे दमकल की गाड़ियां और रेस्क्यू वैन मौके पर पहुंचीं। दमकल कर्मियों ने आधुनिक उपकरणों और नोजल की मदद से आग बुझाने का अभ्यास किया। इस दौरान करीब 15 मिनट में आग पर काबू पाने की प्रक्रिया पूरी की गई।
इसके बाद बम डिटेक्शन एंड डिस्पोजल स्क्वॉड (बीडीडीएस) और स्निफर डॉग की मदद से परिसर की जांच की गई। यह पूरी कार्रवाई आपात स्थिति में सुरक्षा एजेंसियों की प्रतिक्रिया और तलाशी प्रक्रिया को परखने के लिए की गई थी।
अभ्यास के दौरान इमारत की दूसरी मंजिल पर फंसे चार कर्मचारियों को फायरमैन लिफ्ट की सहायता से सुरक्षित बाहर निकालने का अभ्यास किया गया। इसके बाद उन्हें अस्पताल पहुंचाने की प्रक्रिया भी प्रदर्शित की गई।
वहीं, छत पर फंसे अतिरिक्त नगर आयुक्त प्रजित नायर सहित अन्य अधिकारियों और नागरिकों को हाईराइज सीढ़ी की मदद से नीचे उतारने का अभ्यास किया गया। इस तरह मॉक ड्रिल में इमारत के अलग-अलग हिस्सों में फंसे लोगों को निकालने की तैयारियों का परीक्षण किया गया।
इस संयुक्त अभ्यास में अग्निशमन, पुलिस, आपदा प्रबंधन, स्वास्थ्य, सुरक्षा और विद्युत विभाग के अधिकारियों व कर्मचारियों ने हिस्सा लिया। सभी विभागों ने आपातकालीन सूचना मिलने से लेकर बचाव और परिसर की जांच तक विभिन्न प्रक्रियाओं का अभ्यास किया।
अतिरिक्त नगर आयुक्त प्रजित नायर और मुख्य अग्निशमन अधिकारी गणेश सोनुने ने विभागों के बीच समन्वय, त्वरित कार्रवाई और कर्मचारियों के सहयोग की सराहना की। इस मॉक ड्रिल के माध्यम से आपातकालीन परिस्थितियों में बचाव कार्यों की तैयारियों और सुरक्षा व्यवस्था को परखने का प्रयास किया गया।