

Pune Crime Bust Transformer Theft Gang: पुणे क्राइम ब्रांच ने ट्रांसफॉर्मर और कॉपर तार चोरी करने वाले कथित अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ किया है। यूनिट-7 ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर ₹12.73 लाख की रकम बरामद की।
पूछताछ में आरोपियों ने छह महीने में आठ कॉपर ट्रांसफॉर्मर चोरी करने की बात कबूल की। पुलिस अब गिरोह के अन्य सदस्यों और चोरी का कॉपर खरीदने वालों की तलाश कर रही है।
इतना ही नहीं, इस कार्रवाई से लोनिकंद पुलिस स्टेशन में दर्ज ट्रांसफॉर्मर चोरी के आठ मामलों के खुलासे का दावा किया गया है। पुलिस अब यह पता लगाने में जुटी है कि चोरी का कॉपर कहां बेचा जाता था और गिरोह में कुल कितने लोग शामिल हैं।
पुणे क्राइम ब्रांच ने ट्रांसफॉर्मर और कॉपर तार चोरी करने वाले कथित अंतरराज्यीय गिरोह का भंडाफोड़ करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस ने आरोपियों के पास से ₹12.73 लाख की रकम बरामद की है।
पुलिस के अनुसार, कांस्टेबल विनायक साल्वे को सूचना मिली थी कि ट्रांसफॉर्मर चोरी में शामिल कुछ आरोपी जल्द ही हवेली तालुका के वाडेगांव इलाके में आने वाले हैं। सूचना के आधार पर पुलिस इंस्पेक्टर वाहिद पठान ने PSI राहुल कोलपे को कार्रवाई के निर्देश दिए।
इसके बाद पुलिस ने वाडेगांव में जाल बिछाया और रविवार को माल से भरे एक वाहन को पकड़ा। पूछताछ के बाद तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान मोहम्मद साहेबजान मंगरेखान (30), आदर्श चंद्रप्रकाश पांडे (22) और चंद्रसेन शिवरतन धारिया (28) के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक, तीनों मूल रूप से उत्तर प्रदेश के रहने वाले हैं और फिलहाल पुणे में रह रहे हैं।
पुलिस पूछताछ में आरोपियों ने पिछले छह महीनों में आठ कॉपर ट्रांसफॉर्मर चोरी करने की बात कबूल की है। ये वारदातें लोनिकंद पुलिस स्टेशन के क्षेत्राधिकार में आने वाले वाडेगांव, अष्टपुर, सांगवी संदास, न्हावी संदास और हिंगनगांव इलाकों में किए जाने का आरोप है।
पुलिस का कहना है कि इस गिरफ्तारी से भारतीय न्याय संहिता की धारा 324(4) और भारतीय विद्युत अधिनियम की धारा 136 के तहत लोनिकंद पुलिस स्टेशन में दर्ज आठ मामलों का खुलासा हुआ है।
पुलिस जांच अब गिरोह के नेटवर्क को खंगालने पर केंद्रित है। जांच में यह पता लगाने की कोशिश की जा रही है कि चोरी किया गया कॉपर किसे और कहां बेचा जाता था। साथ ही गिरोह में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।
इस मामले में पुलिस की जांच के दौरान ट्रांसफॉर्मर चोरी के बड़े नेटवर्क का कनेक्शन भी सामने आया है। इससे पहले 27 मई को पिंपरी-चिंचवड़ पुलिस ने कथित गिरोह के तीन अन्य आरोपियों को गिरफ्तार किया था। पुलिस के मुताबिक, ये आरोपी पुणे जिले में बिजली ट्रांसफॉर्मर चोरी से जुड़े 48 मामलों में शामिल थे।
चाकण नॉर्थ पुलिस ने खेड़ तालुका के बिरदवाड़ी गांव स्थित नेक्सस हेल्थकेयर में लगे ट्रांसफॉर्मर से तांबे के तार चोरी होने की जांच के दौरान इस नेटवर्क का सुराग लगाया था। यह चोरी 15 और 16 मई के बीच हुई थी।
अब पुणे क्राइम ब्रांच और संबंधित पुलिस टीमें यह पता लगाने में जुटी हैं कि ट्रांसफॉर्मर चोरी के इस नेटवर्क में और कौन-कौन लोग शामिल हैं।