पुणे के चाकण में 13 साल पुरानी कचरे की समस्या का होगा समाधान, 36.50 एकड़ में बनेगा प्लांट

Chakan MIDC Waste Management: चाकण एमआईडीसी में पिछले 13 सालों से जारी कचरा समस्या का स्थायी हल निकालते हुए PMRDA 36.5 एकड़ में कचरा प्रसंस्करण प्लांट स्थापित करेगा। 19 निकायों को मिलेगी राहत।
13-year-old garbage problem in Pune's Chakan to be resolved
जितेंद्र डुडी, कचरा प्रबंधनसोर्स- सोशल मीडिया
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Pune PMRDA Solid Waste Processing Plant: चाकण औद्योगिक क्षेत्र (एमआईडीसी) और उसके आसपास के इलाकों में पिछले 13 वर्षों से सिरदर्द बनी कचरे की समस्या का आखिरकार स्थायी समाधान निकलने जा रहा है।

पुणे महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण (पीएमआरडीए) चाकण और राजगुरुनगर नगर परिषदों सहित क्षेत्र की 17 ग्राम पंचायतों (कुल 19 स्थानीय निकायों) के लिए एक विशाल केंद्रीकृत ठोस कचरा प्रसंस्करण परियोजना (सॉलिड वेस्ट प्रोसेसिंग प्रोजेक्ट) स्थापित करेगा। इसके लिए चाकण एमआईडीसी के पॉइंट नंबर 4 स्थित ईएसआर के पास 36.50 एकड़ जमीन निर्धारित की गई है।

केंद्र से सभी 19 शहरों और गांवों को मिलेगी राहत

बैठक में अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि चाकण क्षेत्र के तेजी से हो रहे औद्योगीकरण और शहरीकरण के कारण आगामी दशकों में कचरे की मात्रा कई गुना बढ़ जाएगी। इसी को ध्यान में रखते हुए अगले 30 वर्षों की अनुमानित आबादी और कचरा उत्पादन का वैज्ञानिक आकलन कर यह दीर्घकालिक नियोजन किया गया है।

प्रोसेस्ड प्रसंस्करण केंद्र से सभी 19 शहर और गांव 20 किलोमीटर के दायरे में हैं (अधिकांश स्थानों की दूरी 3 से 18 किलोमीटर है), जिससे कचरे के परिवहन में आसानी होगी। योजना के अनुसार, संबंधित नगर परिषदों और ग्राम पंचायतों को अपने क्षेत्र से कचरा एकत्र कर उसका 100% पृथक्करण करना होगा और उसे केंद्रीकृत प्रोसेसिंग प्लांट तक पहुंचाना होगा।

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स्थायी समाधान की दिशा में उठाए गए अहम कदम

चाकण और खेड एमआईडीसी क्षेत्र में कचरा प्रबंधन की समस्या पिछले कई वर्षों से गंभीर बनी हुई थी। अब इसके स्थायी समाधान की दिशा में ठोस कदम उठाया गया है। जिन ग्राम पंचायतों के लिए अपने कोष से वाहन खरीदना संभव नहीं है,

उन्हें सीएसआर के माध्यम से वाहन उपलब्ध कराने पर जिलाधिकारी ने सहमति जताई है। इसलिए चाकण और खेड एमआईडीसी क्षेत्र की ग्राम पंचायतों सहित अधिक से अधिक स्थानीय स्वराज्य संस्थाओं को इसमे सक्रिय भागीदारी निभाते हुए आवश्यक प्रस्ताव पारित करने चाहिए।

सीएसआर से मिलेंगे कचरा वाहन

अधिकारियों ने कहा कि परियोजना के सुचारू संचालन के लिए कचरा संग्रहण और परिवहन की मजबूत व्यवस्था बनाई जाएगी। समीक्षा बैठक में ग्रामीण क्षेत्र के प्रतिनिधियों को आश्वासन दिया गया कि आसपास की ग्राम पंचायतों को औद्योगिक कंपनियों के कॉर्पोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) फंड, 15वें वित्त आयोग और स्थानीय स्वनिधि के जरिए आधुनिक कचरा परिवहन वाहन उपलब्ध कराए जाएंगे, ताकि गांवों से कचरा सीधे प्रोसेसिंग प्लांट तक पहुंचाया जा सके।

बैठक में फैसला

आकुर्डी स्थित पीएमआरडीए मुख्यालय के छत्रपति शिवाजी महाराज सभागार में जिलाधिकारी जितेंद्र डुडी और पीएमआरडीए के महानगर आयुक्त डॉ. अभिजीत चौधरी की उपस्थिति में एक महत्वपूर्ण समीक्षा बैठक आयोजित की गई। इस संयुक्त बैठक में 17 गांवों के सरपंच, प्रशासक, ग्राम विकास अधिकारी, एमआईडीसी के अधिकारी तथा मनपा के मुख्याधिकारी शामिल हुए।

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