मैनुअल स्कैवेंजिंग मामले में PCMC को राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग का नोटिस, 15 दिनों में मांगी विस्तृत रिपोर्ट

Pune NCSC Notice: पिंपरी-चिंचवड़ मनपा में नियमों को ताक पर रखकर हाथ से नाला सफाई कराने के आरोपों पर राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग सख्त। PCMC को नोटिस जारी कर 15 दिनों में मांगी रिपोर्ट
NCSC issues notice to PCMC over allegations of manual scavenging during pre-monsoon drain cleaning. Pimpri-Chinchwad civic body told to submit report in 15 days.
पिंपरी चिंचवड़ महानगरपालिका (सोर्स-सोशल मीडिया)
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Pimpri Chinchwad NCSC Notice: पिंपरी-चिंचवड़ महानगरपालिका (पीसीएमसी) के प्री-मानसून सफाई कार्यों को लेकर राष्ट्रीय अनुसूचित जाति आयोग (एनसीएससी) ने गंभीर संज्ञान लिया है। आयोग ने नालों की मैनुअल सफाई कराए जाने के आरोपों के संबंध में महानगरपालिका को नोटिस जारी कर 15 दिनों के भीतर विस्तृत रिपोर्ट प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। मामला 2013 के मैनुअल स्कैवेंजर्स के रूप में नियोजन का प्रतिषेध एवं उनका पुनर्वास अधिनियम के संभावित उल्लंघन से जुड़ा बताया जा रहा है।

यह कार्रवाई सामाजिक कार्यकर्ता सागर चरण द्वारा की गई शिकायत के आधार पर की गई है। शिकायत में आरोप लगाया गया है कि मानसून पूर्व नालों की सफाई के दौरान आधुनिक मशीनों का पर्याप्त उपयोग नहीं किया जा रहा है और कई स्थानों पर श्रमिकों को सीधे नालों में उतरकर सफाई करने के लिए मजबूर किया जा रहा है। शिकायत में यह भी कहा गया है कि सफाई कर्मियों को आवश्यक सुरक्षा उपकरण उपलब्ध नहीं कराए जा रहे हैं, जिससे उनकी जान को खतरा पैदा हो सकता है।

सागर चरण के अनुसार, महानगरपालिका के पास अत्याधुनिक सफाई मशीनें उपलब्ध होने के बावजूद कई इलाकों में श्रमिकों से मैनुअल तरीके से नालों की सफाई कराई जा रही है। उनका कहना है कि यह न केवल कानून का उल्लंघन है, बल्कि श्रमिकों की सुरक्षा और सम्मान से भी जुड़ा गंभीर विषय है। उन्होंने आयोग से मामले की जांच कर जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

मशीन की जगह श्रमिकों को नालों में उतार कराई जा रही सफाई

दूसरी ओर, पीसीएमसी प्रशासन ने आरोपों को लेकर सतर्क प्रतिक्रिया दी है। मनपा के स्वास्थ्य विभाग प्रमुख एवं उप आयुक्त प्रदीप ठेंगल ने कहा कि महानगरपालिका को अभी तक आयोग का आधिकारिक नोटिस प्राप्त नहीं हुआ है।

नोटिस मिलने के बाद उसका अध्ययन कर नियमानुसार जवाब दिया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि शहर में अधिकांश नालों की सफाई मशीनों के माध्यम से की जा रही है और केवल उन स्थानों पर मैनुअल सफाई की जाती है जहां मशीनों की पहुंच संभव नहीं होती।

मनपा अधिकारियों के अनुसार, सफाई कार्यों के दौरान निर्धारित सुरक्षा मानकों का पालन किया जाता है और श्रमिकों को आवश्यक सुरक्षा सामग्री उपलब्ध कराई जाती है। पिंपरी-चिंचवड़ शहर में कुल 141 नाले हैं, जिनकी लंबाई लगभग 91.5 किलोमीटर है। इनमें से 90 प्रतिशत से अधिक प्री-मानसून सफाई कार्य पूरा किया जा चुका है, जबकि शेष कार्य युद्धस्तर पर जारी है। अब आयोग की जांच और पीसीएमसी की रिपोर्ट के बाद यह स्पष्ट होगा कि मैनुअल सफाई से जुड़े आरोपों में कितनी सच्चाई है और क्या किसी प्रकार के नियमों का उल्लंघन हुआ है।

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