'येसुबाई की तरह लड़ूंगी, अहिल्यादेवी की तरह शासन करूंगी'; बारामती उपचुनाव की सभा में भावुक हुईं सुनेत्रा पवार

Baramati Bypoll 2026: बारामती में सुनेत्रा पवार की भावुक सभा। अजित पवार की मौत की जांच की मांग। सुनेत्रा पवार की जनसभा में ननद सुप्रिया सुले और सूबे के सीएम फडणवीस भी रहे मौजूद।
Sunetra Pawar Baramati Rally
Sunetra Pawar Baramati Rally (फोटो क्रेडिट-X)
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Sunetra Pawar Baramati Rally: महाराष्ट्र की सबसे चर्चित विधानसभा सीट बारामती के उपचुनाव के लिए प्रचार का शोर मंगलवार को थम गया। समापन सभा के दौरान उपमुख्यमंत्री और राकांपा नेता सुनेत्रा पवार अपने पति स्वर्गीय अजित पवार को याद कर भावुक हो उठीं। उन्होंने स्पष्ट संदेश दिया कि भले ही अजित पवार आज शारीरिक रूप से हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनकी विकासवादी दृष्टि और बारामती के लिए देखे गए सपने आज भी जीवित हैं। सुनेत्रा पवार ने मंच से हुंकार भरते हुए कहा, "मैं एक संघर्षशील योद्धा की साथी हूँ; मैं येसुबाई की तरह लड़ूँगी और अहिल्यादेवी होलकर की तरह न्यायपूर्ण शासन करूँगी।"

यह सभा कई मायनों में ऐतिहासिक रही, क्योंकि मंच पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के साथ-साथ विपक्षी दल राकांपा (शरद पवार) की वरिष्ठ नेता और सांसद सुप्रिया सुले भी मौजूद थीं। अजित पवार के आकस्मिक निधन के बाद बदले हुए राजनीतिक समीकरणों के बीच, सुप्रिया सुले ने स्पष्ट किया कि महाविकास अघाड़ी इस कठिन समय में सुनेत्रा पवार के साथ मजबूती से खड़ी है। बारामती में 23 अप्रैल 2026 को मतदान होना है, जिसे लेकर पूरे राज्य की निगाहें टिकी हुई हैं।

अजित पवार की मौत पर संदेह और न्याय की मांग

सुनेत्रा पवार ने अपने भाषण में अजित पवार की विमान दुर्घटना पर गहरा संदेह व्यक्त किया। उन्होंने जनता को संबोधित करते हुए कहा, "जिस तरह आपको अजित दादा की दुर्घटना पर संदेह है, वैसा ही संदेह मुझे भी है। इसी सिलसिले में मैंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात कर जांच का अनुरोध किया है। यदि इस हादसे में कोई भी साजिश या गड़बड़ी पाई गई, तो दोषियों को कड़ी से कड़ी सजा दिलाने के लिए मैं अपनी पूरी ताकत लगा दूंगी।"

विरासत और जिम्मेदारी का 'शिव धनुष'

अजित पवार के बाद बारामती की जिम्मेदारी संभालने को सुनेत्रा पवार ने 'शिव धनुष' उठाने जैसा बताया। उन्होंने कहा कि वे उनके विचारों की विरासत को आगे बढ़ाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं। उन्होंने बारामती की जनता से भावुक अपील करते हुए कहा, "यह मिट्टी मेरी है और आप लोग मेरा परिवार हैं। अजित दादा की तरह मुझ पर भरोसा रखें, मैं आपके विश्वास को कभी आंच नहीं आने दूंगी।"

बदले राजनीतिक समीकरण

समापन बैठक में सुप्रिया सुले की मौजूदगी ने सभी को चौंका दिया। सुप्रिया ने कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर काम करने की अपील की, जो इस बात का संकेत है कि अजित पवार के निधन के बाद पवार परिवार और राज्य की राजनीति में एक नया समन्वय देखने को मिल रहा है। सुनेत्रा पवार ने इस समर्थन के लिए विशेष रूप से शरद पवार और सुप्रिया सुले का आभार व्यक्त किया। उन्होंने संकल्प लिया कि अजित पवार ने बारामती को विकास की जिन ऊंचाइयों पर पहुँचाया था, वे उसे और आगे ले जाएंगी।

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