

Suresh Varkhande Shot Palghar: महाराष्ट्र के पालघर जिले के बोईसर इलाके में रविवार रात एक सनसनीखेज वारदात सामने आई है। प्रेम प्रसंग और व्यक्तिगत रंजिश के चलते एक युवक ने रिवॉल्वर से फायरिंग कर इलाके में दहशत फैला दी। यह घटना बोईसर के पूर्व महागांव स्थित वलवे फाटा पर रविवार, 22 फरवरी 2026 की देर रात हुई। इस हमले में सुरेश वरखंडे नामक व्यक्ति गंभीर रूप से घायल हो गए हैं, जिन्हें सिर में गोली लगी है। घटना की वजह एक चिकन ईटिंग सेंटर से जुड़ी युवती का अपने प्रेमी के साथ फरार होना बताया जा रहा है।
वारदात के बाद आरोपी मौके से फरार हो गया, जिसके बाद पुलिस ने पूरे इलाके की नाकाबंदी कर दी है। घायल सुरेश को तुरंत बोईसर के 'अधिकारी लाइफ लाइन्स हॉस्पिटल' में भर्ती कराया गया है, जहाँ उनकी स्थिति नाजुक बनी हुई है। पुलिस ने घटनास्थल से अपराध में इस्तेमाल हथियार बरामद कर लिया है और फोरेंसिक टीम साक्ष्य जुटाने में लगी है।
शुरुआती जांच में यह बात सामने आई है कि यह पूरा विवाद एक 'चिकन ईटिंग सेंटर' से शुरू हुआ। बताया जा रहा है कि इस सेंटर पर काम करने वाली एक युवती अपने प्रेमी के साथ भाग गई थी। इस बात से चिकन सेंटर का ड्राइवर उमेश घरात बुरी तरह नाराज था। गुस्से में आपा खोते हुए उमेश ने युवती के साथ भागे लड़के के पिता सुरेश वरखंडे को अपना निशाना बनाया। रविवार रात जब दोनों का आमना-सामना हुआ, तो उमेश ने रिवॉल्वर निकाल कर सुरेश पर फायरिंग कर दी, जिससे एक गोली उनके सिर को चीरती हुई निकल गई।
फायरिंग के बाद आरोपी उमेश घरात अंधेरे का फायदा उठाकर मौके से भागने में सफल रहा। बोईसर पुलिस ने इस मामले को गंभीरता से लेते हुए भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 109 (हत्या का प्रयास), 301, 115, 352 और 351 के तहत मामला दर्ज किया है। इसके अलावा, मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए आरोपी के खिलाफ 'एट्रोसिटीज एक्ट' और 'आर्म्स एक्ट' की विभिन्न धाराओं के तहत भी केस दर्ज किया गया है। पुलिस का कहना है कि आरोपी की पहचान हो चुकी है और उसकी गिरफ्तारी के लिए कई टीमें दबिश दे रही हैं।
पालघर गोलीबारी के बाद महागांव और वलवे फाटा इलाके में तनाव का माहौल है। बोईसर MIDC पुलिस और फोरेंसिक विशेषज्ञों ने घटनास्थल का मुआयना किया है। पुलिस अधिकारियों ने स्थानीय नागरिकों से शांति बनाए रखने की अपील की है। फिलहाल पुलिस इस बात की भी जांच कर रही है कि आरोपी के पास अवैध हथियार कहाँ से आया। ग्रामीण इलाकों में इस तरह सरेआम फायरिंग की घटना ने कानून व्यवस्था पर भी सवाल खड़े कर दिए हैं। घायल के परिजनों के बयान दर्ज किए जा रहे हैं ताकि घटना की कड़ियों को पूरी तरह जोड़ा जा सके।