अगर हिंदी मंजूर नहीं तो संस्कृत पढ़ें, विरोधियों को नितेश राणे का ऑफर
Maharashtra Politics: महाराष्ट्र में हिंदी भाषा को लेकर हो रहे विरोध में नितेश राणे का बयान आया है। उन्होंने विपक्ष पर तंज कसते हुए कहा है कि अगर हिंदी से इतनी ही दिक्कत है तो संस्कृत पढ़ें।
- Written By: सोनाली चावरे
नितेश राणे संस्कृत ऑफर
मुंबई: महाराष्ट्र के प्राथमिक स्कूलों में हिंदी पढ़ाए जाने का राज ठाकरे और उनकी पार्टी महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे), कांग्रेस एवं कुछ अन्य संगठन व बुद्धिजीवी लोग विरोध कर रहे हैं। हिंदी का विरोध करनेलवालों को बीजेपी के मंत्री नितेश राणे ने संस्कृत पढ़ने का सुझाव दिया है। उन्होंने कहा कि राज्य में कहीं भी हिंदी को अनिवार्य नहीं बनाया गया है।
मैं हिंदुत्व पर काम करने वाला कार्यकर्ता हूं
राणे ने रविवार को कहा कि हम सरकार में हैं। मराठी सही है। लेकिन संस्कृत को हिंदी नहीं कहा जाना चाहिए। हम सभी मराठी हैं, हम सभी हिंदू हैं। ये सब विरोध हिंदुओं को तोड़ने के लिए किए जा रहे हैं। ये हिंदू राष्ट्र को इस्लामिक राष्ट्र बनाने के कार्यक्रम हैं। इसका शिकार न बनें। उन्होंने कहा कि मैं हिंदू धर्म और हिंदुत्व पर काम करने वाला कार्यकर्ता हूं। इस दौरान उन्होंने अपने लिए प्रार्थना करते हुए यह भी कहा कि ईश्वर मुझे शक्ति प्रदान करे।
डर अच्छा है
नितेश ने पूर्व मुख्यमंत्री उद्धव ठाकरे और उनके पुत्र नितेश पर तंज कसते हुए कहा कि कुछ लोग रात में नहीं जागते हैं, इसलिए उन्हें सुबह उठकर बैनर लाना पड़ता है। जबकि मेरे कार्यकर्ता मुझे ‘हिंदू गब्बर’ करार देते हुए उत्साह के साथ बैनर लगाते हैं। इस ‘हिंदू गब्बर’ को अब ‘मातोश्री’ निवास में रहनेवालों ने संज्ञान में लिया है। उनके लिए डरना जरूरी है, कहते हुए उन्होंने आगे ये भी कहा कि कार्यकर्ताओं की भावनाओं के कारण मातोश्री क्षेत्र में बैनर लगाए गए होंगे। शुक्र मनाओ कि मातोश्री के बाथरूम बैनर नहीं लगाए।
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उद्धव हिंदू द्वेषी हैं
आदित्य ठाकरे और उनके पिता उद्धव ठाकरे की आलोचना करते हुए कहा कि पिता (उद्धव) हिंदू धर्म से ही द्वेष हैं। वह बीजेपी को हिंदुत्व न सिखाएं। यदि हम हिंदू बनकर लड़ते ही रहें तो वे हमारे घर के बाहर भोंगा लगा देंगे। हमारी घर में पूजा भी बंद करवा देंगे। उद्धव द्वारा अपनी तुलना बतख और पेंग्वीन से किए जाने पर पलटवार करते हुए नितेश ने कहा कि जिन्हें मैं जिहादी हृदयसम्राट कहता हूं, वे हिंदुओं के लिए काम करने वाले कार्यकर्ताओं को सिर्फ कोसते और शाप देते रहेंगे। आखिरकार उन्हें अपने मौलवियों को खुश करना हैं। उन्होंने यूबीटी- कांग्रेस के गठबंधन को सियासी लव जिहाद करार दिया।
मेरे सीएम बनने का सपना न देखें
पूर्व मुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उद्धव ठाकरे एवं उप मुख्यमंत्री अजीत पवार, मंत्री नरहरी झिरवल, नाना पटोले सहित कई नेता महाराष्ट्र की मुख्यमंत्री बनने की इच्छा खुलकर व्यक्त कर चुके हैं। लेकिन अब इसमें नितेश ने अपना नाम भी जोड़ दिया है। अंधेरी-पश्चिम स्थित वर्सोवा के मछली बाजार में मछुआरों से मुलाकात के दौरान उन्होंने कहा कि आप लोग मेरे सीएम बनने का सपना न देखें. क्योंकि मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस मुख्यमंत्री पद के लिए सक्षम हैं। उन्होंने कहा कि दुआ करें कि फडणवीस अगले 100 वर्षों तक सीएम बने रहें।
