भोंदू बाबा अशोक खरात मामले में रुपाली चाकणकर से 6 घंटे पूछताछ; बाहर आकर गुवाहाटी दौरे पर दी बड़ी सफाई
ED Inquiry Mumbai: महिला यौन उत्पीड़न और ₹70 करोड़ की मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपी भोंदू बाबा अशोक खरात मामले में ED ने रुपाली चाकणकर से मुंबई में 6 घंटे तक पूछताछ की। बाहर आकर चाकणकर ने अपनी सफाई दी है।
- Written By: गोरक्ष पोफली
रुपाली चाकणकर (फाइल फोटो, सोर्स: सोशल मीडिया)
Rupali Chakankar ED Inquiry: महाराष्ट्र की राजनीति में उस समय हड़कंप मच गया जब प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने महिला यौन उत्पीड़न और करोड़ों रुपये की ठगी के आरोपी भोंदू बाबा अशोक खरात मामले में बड़ी कार्रवाई की। राज्य महिला आयोग की पूर्व अध्यक्ष और नेता रुपाली चाकणकर से ईडी ने मनी लॉन्ड्रिंग के आरोपों के तहत मुंबई में लगभग 6 घंटे तक कड़ी पूछताछ की। इस मामले में पहले एसआईटी (SIT) भी उनसे पूछताछ कर चुकी है। गुरुवार सुबह करीब 10:30 बजे चाकणकर वर्ली स्थित ईडी के जोन-2 दफ्तर में दाखिल हुई थीं, जहां शाम को जांच पूरी होने के बाद वे बाहर आई और मीडिया से रूबरू हुईं।
क्या है अशोक खरात का ₹70 करोड़ का घोटाला?
आरोपी अशोक खरात पर आरोप हैं कि उसने लोगों को अपनी कथित दैवीय शक्तियों का डर दिखाकर करोड़ों रुपये की जबरन वसूली की और अवैध तरीके से मोटी रकम ऐंठी। जांच में सामने आया है कि खरात ने कई बेनामी और फर्जी बैंक खातों के जरिए करीब ₹70 करोड़ से अधिक की हेराफेरी और वित्तीय लेन देन किया है। चूंकि यह मामला सीधे तौर पर बड़े पैमाने पर मनी लॉन्ड्रिंग से जुड़ा है, इसलिए ईडी ने इस वित्तीय घोटाले की स्वतंत्र जांच शुरू की है। रुपाली चाकणकर को अशोक खरात का बेहद करीबी माना जाता रहा है, इसलिए ईडी इस बात की गहराई से तफ्तीश कर रही है कि क्या इस ₹70 करोड़ की उलाथ-पुलाथ में चाकणकर की भी कोई भूमिका थी।
6 घंटे की पूछताछ के बाद बाहर आईं चाकणकर
ईडी दफ्तर से बाहर आने के बाद रुपाली चाकणकर ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि कई मीडिया रिपोर्ट्स में उनकी बातों का गलत मतलब निकाला गया (विपर्यास किया गया)। उन्होंने कहा, जब भी केंद्रीय जांच एजेंसी ने मुझे पूछताछ के लिए बुलाया है, मैं हमेशा हाजिर हुई हूं। आज मेरा बयान दर्ज करने और उसे टाइप करने की प्रक्रिया में काफी समय लग गया।
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खरात मामले में मेरा किसी भी तरह का कोई आर्थिक लेन देन नहीं था और न ही आगे कोई संबंध है। ईडी ने मुझसे आज क्या सवाल पूछे, यह बहुत जल्द उनकी रिपोर्ट के जरिए सबके सामने आ जाएगा। मैं आगे भी जांच में पूरा सहयोग करूंगी। इसके साथ ही उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अशोक खरात द्वारा बनाए गए सभी बैंक खाते फर्जी थे और समता पतसंस्था से उनकी सगी बहन का कोई संबंध नहीं है।
गुवाहाटी दौरे और वायरल फोटो पर दी सफाई
अशोक खरात के साथ रुपाली चाकणकर के गुवाहाटी दौरे की तस्वीरें सोशल मीडिया पर जमकर वायरल हो रही हैं, जिस पर विपक्ष लगातार सवाल उठा रहा था। इस पर अपनी सफाई पेश करते हुए चाकणकर ने कहा, हम अशोक खरात के साथ गुवाहाटी नहीं गए थे। खरात का परिवार पहले ही वहां पहुंच चुका था, उसके बाद हम अपने परिवार के साथ वहां गए थे। हम केवल अपने गुरु के दर्शन करने के लिए गुवाहाटी गए थे। अशोक खरात पर उस समय कई लोगों की गहरी श्रद्धा थी, हमारी भी थी। लेकिन तब हमें उसके इन कारनामों के बारे में पता नहीं था, ये सारी चीजें तो बाद में बाहर आई हैं।
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जांच के दायरे में कई और वीआईपी
सीबीआई, एसआईटी और अब ईडी की इस पैनी नजर के बाद भोंदू बाबा अशोक खरात का यह मामला महाराष्ट्र का एक बड़ा राजनीतिक और आर्थिक स्कैम बनता जा रहा है। सूत्रों की मानें तो चाकणकर के बयान के आधार पर ईडी अब इस बात की लिस्ट तैयार कर रही है कि खरात के फर्जी खातों से किन किन बड़े राजनेताओं और रसूखदार लोगों को फंड ट्रांसफर किया गया था। आने वाले दिनों में इस मामले में कुछ और बड़े चेहरों से पूछताछ की संभावना जताई जा रही है।
