नासिक में 'पीएम-जन मन' और 'धरती आबा अभियान' की शुरुआत, रामवाडी शिविर में पहुंचे सीधे जनता के द्वार अधिकारी

PM Janman Mission: नासिक जिले के रामवाडी में 'पीएम-जन मन' और 'धरती आबा अभियान' के तहत विशेष शिविर आयोजित; आदिवासी समुदायों को एक ही छत के नीचे ऑन-द-स्पॉट सरकारी योजनाओं का लाभ मिला।
PM-Janman and Dharti Aba campaigns kick off in Nashik with a mega welfare camp at Ramwadi, offering on-the-spot benefits and grievance redressal to tribals.
'पीएम-जन मन' अभियान' प्रतीकात्मक तस्वीर (सोर्स - सोशल मीडिया)
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Nashik Tribal Welfare PM Janman Mission: केंद्र और राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी योजना 'प्रधानमंत्री जनजातीय आदिवासी न्याय महाअभियान' और 'धरती आबा जनजातीय ग्राम उत्कर्ष अभियान' के अंतर्गत नासिक जिले में 'जनभागीदारी अभियान' की अत्यंत उत्साहपूर्ण शुरुआत हुई है। दुर्गम और अति-दुर्गम क्षेत्रों में रहने वाले आदिवासी भाई-बहनों को सभी सरकारी कल्याणकारी योजनाओं का लाभ एक ही छत के नीचे आसानी से मिल सके, इस उद्देश्य से एकीकृत आदिवासी विकास परियोजना (कलवन) कार्यालय की ओर से नांदगांव तहसील की ग्राम पंचायत रनखेड़ा के अंतर्गत 'रामवाडी' में एक विशेष शिविर का आयोजन किया गया।

जनभागीदारी अभियान के तहत आयोजित इस विशेष 'लाभार्थी संतृप्ति' शिविर में क्षेत्र के कातकरी, ठाकर और भिल्ल समुदाय के लगभग 150 से 200 नागरिकों ने हिस्सा लिया। शिविर का मुख्य आकर्षण यह रहा कि आम जनता को सरकारी दफ्तरों के चक्कर न काटने पड़ें, इसके लिए राजस्व,आदिवासी विकास, स्वास्थ्य और महिला व बाल विकास जैसे महत्वपूर्ण विभाग खुद प्रशासनिक अमले के साथ सीधे जनता के द्वार पहुंचे थे।

जनजातीय समुदायों के आर्थिक और सामाजिक उत्थान के लिए सभी सरकारी विभागों की योजनाओं को एक साथ जोड़कर यह 'जनभागीदारी अभियान' चलाया जा रहा है। 'पीएम-जन मन' और 'धरती आबा अभियान' के अंतर्गत शामिल किए गए सभी गांवों में इस प्रकार के 'लाभार्थी संतृप्ति' शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। हमारी अपील है कि अधिक से अधिक अनुसूचित जनजाति के भाई-बहन इन शिविरों में सक्रिय रूप से भाग लें और अपने हक की योजनाओं का पूरा लाभ उठाए।

डॉ. कश्मीरा शंखे, सहायक जिलाधिकारी एवं परियोजना अधिकारी, कलवन

अधिकारियों ने सुनी नागरिकों की समस्याएं

शिविर में आदिवासी विकास विभाग की विभिन्न योजनाओं, राजस्व विभाग के आवश्यक प्रमाणपत्र (दाखिले), स्वास्थ्य जांच और महिला स्वयं सहायता समूहों (बचत गट) के बारे में विस्तार से मार्गदर्शन और ऑन-द-स्पॉट लाभ प्रदान किया गया। शिविर के दौरान 'आदि सेवा केंद्र' के अंतर्गत एक जनसुनवाई (शिकायत निवारण) का भी आयोजन किया गया। इसमें अधिकारियों ने स्थानीय नागरिकों की विभिन्न समस्याओं और अड़चनों को सीधे सुना और उन पर मौके पर ही त्वरित मार्गदर्शन व समाधान किया।

इस अवसर पर सहायक परियोजना अधिकारी नवनाथ जानगर, नांदगांव के नायब तहसीलदार कुहें, महाजन सहित स्थानीय सरपंच व उपसरपंच, महिला एवं बाल विकास परियोजना अधिकारी निरभवणे, तहसील चिकित्सा अधिकारी, तथा एमएसआरएलएम के ब्लॉक मैनेजर भदाणे सहित विभिन्न सरकारी विभागों के अधिकारी और कर्मचारी बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।

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