Nashik Sex Scandal: सरकारी डॉक्टरों की मिलीभगत से चल रहा था अवैध अबॉर्शन रैकेट, SIT की जांच में उड़े होश

Illegal Abortion Racket Nashik: नासिक सेक्स स्कैंडल में SIT का बड़ा खुलासा! ढोंगी तांत्रिक अशोक खरात सरकारी डॉक्टरों के साथ मिलकर चला रहा था अवैध अबॉर्शन रैकेट। हेल्पलाइन पर शिकायतों की बाढ़।
Nashik Sex Scandal: Illegal Abortion Racket Operated with the Collusion of Government Doctors; SIT Investigation Reveals Shocking Details
अशोक खरात (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Ashok Kharat News: नासिक के बहुचर्चित सेक्स स्कैंडल (Nashik Sex Scandal) में हर दिन नए और रोंगटे खड़े कर देने वाले खुलासे हो रहे हैं। स्वयंभू तांत्रिक अशोक खरात, जो पहले से ही दर्जनों महिलाओं के यौन शोषण और बलात्कार के आरोप में जेल की सलाखों के पीछे है, अब एक संगठित 'अबॉर्शन रैकेट' (गर्भपात गिरोह) का मुख्य चेहरा बनकर उभरा है। विशेष जांच दल (SIT) की तफ्तीश में यह साफ हो गया है कि खरात अकेले इस घिनौने अपराध को अंजाम नहीं दे रहा था, बल्कि उसे समाज के 'सफेदपोश' रक्षकों यानी कुछ सरकारी डॉक्टरों का पूरा संरक्षण प्राप्त था।

आस्था की आड़ में हैवानियत और डॉक्टरों का कमीशन

एसआईटी सूत्रों के अनुसार, खरात महिलाओं को 'दैवीय शक्ति' और 'दुखों के निवारण' का झांसा देकर अपनी हवस का शिकार बनाता था। जब इस शोषण के कारण कोई महिला गर्भवती हो जाती थी, तो मामला दबाने के लिए खरात अवैध गर्भपात का सहारा लेता था। चौंकाने वाली बात यह है कि इस रैकेट का असली सूत्रधार एक सरकारी डॉक्टर था। रिपोर्ट्स की मानें तो नासिक महानगरपालिका के एक डॉक्टर सहित शहर के कुछ नामी निजी डॉक्टरों ने खरात के साथ साठगांठ कर रखी थी। ये डॉक्टर न केवल गर्भपात की प्रतिबंधित गोलियां उपलब्ध कराते थे, बल्कि स्थिति बिगड़ने पर गुपचुप तरीके से सर्जिकल अबॉर्शन भी करते थे। पुलिस अब इन 'यमराज' बने डॉक्टरों की लिस्ट तैयार कर रही है और जल्द ही इनकी गिरफ्तारी संभव है।

हेल्पलाइन पर 'चीखों' का अंबार

अशोक खरात के पापों का घड़ा फूटने के बाद महाराष्ट्र पुलिस ने जो हेल्पलाइन जारी की थी, वह अब न्याय की उम्मीद में कॉल करने वाली महिलाओं से भरी हुई है।

  • रोजाना 5 से 6 कॉल: औसतन हर दिन 5 से 6 नई पीड़ित महिलाएं अपनी आपबीती सुना रही हैं।
  • सैकड़ों शिकायतें: पिछले 23 दिनों में हेल्पलाइन पर सैकड़ों फोन आए हैं, जो खरात के आतंक और जाल के विस्तार को दर्शाते हैं।
  • अब तक 15 FIR: बलात्कार, यौन उत्पीड़न और वित्तीय धोखाधड़ी के अब तक कुल 15 मामले दर्ज हो चुके हैं और यह संख्या बढ़ने की पूरी आशंका है।

कानूनी कार्रवाई और वर्तमान स्थिति

गुरुवार को नासिक की एक स्थानीय अदालत ने अशोक खरात को यौन शोषण के पांचवें मामले में सुनवाई करते हुए 6 मई तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया है। खरात का कच्चा चिट्ठा 18 मार्च को तब खुला था जब एक 35 वर्षीय बहादुर महिला ने सरकारवाड़ा थाने में उसके खिलाफ बलात्कार की रिपोर्ट दर्ज कराई थी। तब से लेकर अब तक काले जादू, अंधविश्वास की आड़ में वित्तीय ठगी और अब अवैध गर्भपात के गंभीर धाराओं के तहत उस पर शिकंजा कसता जा रहा है।