मराठी बनाम हिंदी बहस पर नासिक में तनाव, कोचिंग संस्थानों की कार्यप्रणाली पर उठे सवाल
PhysicsWallah Controversy: नासिक में ‘फिजिक्सवाला’ कोचिंग क्लास में भाषा विवाद के बाद मनसे विद्यार्थी सेना के 6 पदाधिकारियों पर पुलिस ने प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की है। संचालक संगठन ने हिंसा की निंदा की
- Written By: अंकिता पटेल
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
Marathi Student Language Row: नासिक ‘फिजिक्सवाला’ कोचिंग क्लास में मराठी छात्रों के साथ कथित बदसलूकी और परप्रांतीय शिक्षकों द्वारा हिंदी में बात करने के लिए मजबूर करने के विवाद में पुलिस ने बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने इस मामले में मनसे विद्यार्थी सेना (मनविसे) के छह पदाधिकारियों और कार्यकर्ताओं के खिलाफ प्रतिबंधात्मक कार्रवाई की है।
इस बीच, नासिक जिला कोचिंग क्लासेस संचालक संगठन ने इस हिंसा की निंदा करते हुए कॉर्पोरेट कोचिंग संस्थानों की कार्यप्रणाली पर भी गंभीर सवाल उठाए हैं। आरोप था कि फिजिक्सवाला के परप्रांतीय शिक्षक मराठी छात्रों को हिंदी में बोलने के लिए मजबूर कर रहे थे।
मनविसे के 6 कार्यकर्ताओं पर प्रतिबंधात्मक कार्रवाई
इसी बात पर मनसे कार्यकर्ताओं ने क्लास में घुसकर हंगामा किया और एक कर्मचारी के साथ मारपीट की। शिकायत के अनुसार, प्रदर्शनकारियों ने सात दिनों के भीतर हिंदी भाषी शिक्षकों का इस्तीफा लेकर उन्हें वापस भेजने की चेतावनी दी थी, अन्यथा क्लास में तोडफोड की धमकी दी गई थी।
सम्बंधित ख़बरें
थर्मल पावर प्लांट की चुनौतियों की समीक्षा, श्रम मंत्री आकाश फुंडकर ने दिए सुरक्षा मजबूत करने के निर्देश
मुख्यमंत्री चिकित्सा सहायता निधि से मिली राहत, 100 वर्षीय महिला की समय पर हुई सर्जरी
पीएम को नहीं, पाक आर्मी चीफ को भेजें पत्र; भारत-पाकिस्तान के प्रबुद्ध जीवों के खुले खत पर भड़के कृष्णा हेगड़े
भाजपा के MLA किसन कथोरे ने कुलगांव-बदलापुर नगर परिषद को महानगर पालिका का दर्जा देनी की विधानसभा में मांग की
सरकारवाड़ा पुलिस ने सौसीटीवी फुटेज के आधार पर मयूर बुक्कुले, अक्षय कोबडे, बाजीराव मते, मेघराज नवले, रोहित उगावकर और ललित वाघ की पहचान कर उन्हें नोटिस जारी किया है।
पीसीसीडीए के प्रमुख जयंत मुले ने कहा कि किसी भी व्यक्ति या राजनीतिक दल को कानून हाथ में लेने का अधिकार नहीं है, यदि किसी कर्मचारी ने अपशब्द कहे थे, तो पुलिस में शिकायत की जानी चाहिए थी, स्टंटबाजी या किसी अन्य उद्देश्य से शारीरिक हमला करना निंदनीय है, संविधान ने सभी को कहीं भी व्यवसाय करने की स्वतंत्रता दी है।
यह भी पढ़ें:-नासिक निगम भर्ती परीक्षा 23-25 फरवरी, केंद्र TCS द्वारा परीक्षा आयोजित; 297 पदों पर सीधी भर्ती सेवा
हालांकि फिजिक्सवाला हमारे संगठन का सदस्य नहीं है, लेकिन एक व्यवसायी के नाते हम हिंसा के खिलाफ उनके साथ खड़े है, संगठन ने केवल हमलावरों को ही नहीं, बल्कि बाहर से आने वाले बड़े ‘कॉर्पोरेट क्लासेस’ को भी आड़े हाथों लिया, जयंत मुले ने स्पष्ट किया कि ये बाहरी संस्थान स्थानीय क्लासेस को परेशान करते है और फर्जी तरीके से ‘आईआईटी’ के सपने दिखाकर अभिभावकों और छात्री को गुमराह करते है, स्कूलों और कॉलेजों के साथ साठगांठ करके छात्रों को वहीं क्लास लगाने के लिए मजबूर किया जाता है।
