नासिक महापौर को लेकर सोशल मीडिया पर सियासी घमासान, 22 जनवरी पर टिकी निगाहें

Municipal Election: नासिक में महापौर पद को लेकर सोशल मीडिया पर चर्चाएं तेज हैं। 22 जनवरी को आरक्षण घोषित होते ही तस्वीर साफ होगी, लेकिन उससे पहले ही राजनीतिक माहौल गरमा गया है।
A political battle is raging on social media over the Nashik mayoral election, with all eyes now on January 22nd.
प्रतीकात्मक तस्वीर ( सोर्स: सोशल मीडिया )
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Maharashtra Politics, Mayor Race: नासिक महानगरपालिका की आम चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद अब नासिक की नजर महापौर पद के चयन पर टिकी हुई है। हालांकि महापौर पद का आरक्षण अभी तक आधिकारिक रूप से घोषित नहीं हुआ है, फिर भी सोशल मीडिया पर आगामी महापौर कौन होगा, इसको लेकर जोरदार चर्चाएं शुरू हो गई हैं।

विभिन्न राजनीतिक दलों के कार्यकर्ता, समर्थक और राजनीतिक जानकार अपने-अपने अनुमान लगा रहे हैं, जिससे चर्चाओं का दायरा दिन-ब-दिन बढ़ता जा रहा है। महापौर पद का आरक्षण 22 जनवरी को घोषित होने वाला है, इसलिए सभी की निगाहें उसी पर टिकी हैं। कौन-सा वर्ग आरक्षित होता है, इसी पर महापौर पद की दिशा तय होगी।

आरक्षण स्पष्ट होते ही उसी वर्ग से इच्छुक उम्मीदवारों के नाम सामने आएंगे और आधिकारिक राजनीतिक गतिविधियों को गति मिलेगी। हालांकि इससे पहले ही कई बड़े और प्रभावशाली नाम चर्चाओं में आ चुके हैं।

इन नामों को लेकर सोशल मीडिया पर समर्थन में पोस्ट, प्रतिक्रियाएं और कुछ जगहों पर आलोचनात्मक टिप्पणियां भी बड़ी संख्या में देखने को मिल रही हैं। खास बात यह है कि सोशल मीडिया पर चल रही इन चर्चाओं से राजनीतिक माहौल और अधिक गरमा गया है।

कुछ संभावित उम्मीदवारों के समर्थक अपने नेताओं के नाम को आगे बढ़ाने की कोशिश कर रहे हैं, जबकि कुछ लोग विरोधी गुटों के नामों पर निशाना साध रहे हैं। इसके चलते चुनावी प्रक्रिया शुरू होने से पहले ही एक तरह का राजनीतिक वॉर्म-अप शुरू हो गया है।

22 के बाद ही वास्तविक तस्वीर होगी साफ

राजनीतिक गलियारों में यह भी चर्चा है कि आरक्षण घोषित होने के बाद ही कई अटकलों पर विराम लगेगा। तब तक राजनीति केवल कयासों, तर्क-वितर्क और सोशल मीडिया की चर्चाओं तक सीमित रहेगी।

हालांकि इन्हीं चर्चाओं से यह भी अंदाजा लगाया जा रहा है कि किस नाम को कितना समर्थन मिल रहा है, जिसका कुछ हद तक लाभ पार्टी नेतृत्व को भी मिल सकता है। कुल मिलाकर, महापौर पद का आरक्षण घोषित होने तक नासिक की राजनीति में चर्चाओं का दौर जारी रहेगा और 22 जनवरी के बाद ही महापौर पद की दौड़ की वास्तविक तस्वीर साफ हो पाएगी।

फेसबुक पर नासिक का महापौर कौन? जैसी पोस्ट डाली जा रही है। इसके बाद नेटिजन्स उस पर संभावित नाम सुझाने लगते हैं और फिर उन नामों पर जमकर टिप्पणियां भी की जाती है।

हालांकि, कुछ लोगों को यह बात समझ में आती है कि जब तक महापौर पद का वर्ग (आरक्षण) घोषित नहीं होता, तब तक इस तरह की चर्चाएं व्यर्थ है। इस पर भी अलग-अलग प्रतिक्रियाएं सामने आने लगती हैं। नतीजतन, फिलहाल तो नासिक का महापौर फेसबुक पर ही तय होता नजर आ रहा है।

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