नासिक में किकवी बांध को नई रफ्तार, त्र्यंबकेश्वर में जल परियोजना पर सरकार का फोकस; 75% जल भंडारण लक्ष्य

Nashik Water Project: नासिक के त्र्यंबकेश्वर में 17 साल से लंबित किकवी बांध परियोजना को नई गति मिल रही है। कुंभ से पहले 75% जल भंडारण का लक्ष्य तय किया गया है व भूमि अधिग्रहण प्रक्रिया तेज कर दी गई है
Kikvi Dam in Nashik Gains Momentum; Government Focuses on Water Project in Trimbakeshwar—Target Set at 75% Water Storage.
भूमि अधिग्रहण नासिक( सोर्स: सोशल मीडिया )
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Nashik Land Acquisition: नासिक त्र्यंबकेश्वर तहसील में पिछले 17 वर्षों से लंबित किकवी बांध परियोजना को अब नई गति मिलने जा रही है। राज्य सरकार ने आगामी सिंहस्थ कुंभ मेले से पहले इस बांध में 75 प्रतिशत जल भंडारण करने का महत्वाकांक्षी लक्ष्य रखा है। इसी दिशा में कदम बढ़ाते हुए जिला प्रशासन ने बांध की नींव रखने के लिए आवश्यक 52 हेक्टेयर भूमि के अधिग्रहण की प्रक्रिया तेज कर दी है।

गंगापुर बांध का विकल्प बनेगी किकवी परियोजना

नासिक शहर को पानी की आपूर्ति करने वाला मुख्य स्रोत 'गंगापुर बांध' अब 65 साल पुराना हो चुका है। गाद जमा होने के कारण इसको भंडारण क्षमता में गिरावट आई है।

इस कमी को पूरा करने के लिए किकवी नदी पर यह नया बांध प्रस्तावित है, इस बांध से नासिक शहर को 2.4 टीएमसी अतिरिक्त पानी उपलब्ध होगा। 2009 में इस परियोजना की लागत 283.54 करोड़ रुपये थी, जो अब बढ़कर 800 करोड़ रुपये से अधिक हो गई है।

पानी की आपूर्ति के अलावा, इससे गोदावरी नदी के बाढ़ नियंत्रण में मदद मिलेगी और 0.50 मेगावाट बिजली का उत्पादन होगा।

भूमि अधिग्रहण और प्रशासनिक सक्रियता

परियोजना के लिए कुल 902.205 हेक्टेयर भूमि की आवश्यकता है। इसमें वन विभाग की 172.4 हेक्टेयर और त्र्यंबकेश्वर के 10 गांवों की 734.5 हेक्टेयर निजी भूमि शामिल है। अब तक 131 भू-स्वामियों ने लिखित रूप में अपनी सहमति दे दी है। भूमि अधिग्रहण मुख्य रूप से तलवाडे, ब्राह्मणवाडे, पिंप्री, घुमोडी, शिरसगाव, काचुलीं, सापगाव, पिंपलद, तलेगांव और अंबोली में होना है,प्रशासन को केंद्र सरकार के पर्यावरण और वन विभाग से आवश्यक अनुमतियां पहले ही मिल चुकी हैं।

अदालती विवादों के बाद पटरी पर लौटी योजना

अदालती विवादों के कारण लंबे समय तक अटकी रही यह योजना अब जिला प्रशासन की सक्रियता से पटरी पर लौटती दिख रही है। जमीन के लिए संयुक्त माप का काम भी पूरा हो चुका है।

यदि भूमि अधिग्रहण इसी गति से चलता रहा, तो सिंहस्थ कुंभ मेले से पहले बांध की नींव रखने का काम पूरा हो जाएगा, जिससे नासिक वासियों को भविष्य में पानी की किल्लत से बड़ी राहत मिलेगी।

किकवी डेमः प्रोजेक्ट प्रोफाइल

कुल भूमि आवश्यकताः 902.205

हेक्टेयर प्रभावित गांवः 10।

लक्षित अवधिः वर्ष 2055 तक की पानी की जरूरत।

बिजली उत्पादनः 0.50 मेगावाट।

सहमति देने वाले मालिकः 131।

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