नासिक में पहली पीएम ई-बस पहुंची, सिंहस्थ कुंभ के लिए 29 ई-बसों के पहले चरण की शुरुआत

Nashik E-bus Service: सिंहस्थ कुंभ 2027 की तैयारियों के बीच नासिक में पहली पीएम ई-बस पहुंच गई है। पहले चरण में 29 ई-बसें उपलब्ध होंगी, जिससे सार्वजनिक परिवहन को आधुनिक बनाया जाएगा।
nashik first pm e bus simhastha kumbh 29 buses
नासिक पीएम ई-बस(सोर्सः सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Simhastha Kumbh 2027: आगामी सिंहस्थ कुंभ मेले की पृष्ठभूमि में नासिक शहर की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था को अधिक सक्षम, पर्यावरण अनुकूल और आधुनिक बनाने की दिशा में पीएम ई-बस सेवा की प्रक्रिया शुरू हो गई है। पहले चरण में प्रस्तावित 29 बसों में से पहली बस मंगलवार 25 अगस्त को पंजीकरण के लिए क्षेत्रीय परिवहन कार्यालय (आरटीओ) पहुंची। आरटीओ की ओर से आवश्यक तकनीकी जांच पूरी करने के बाद बस का नियमानुसार पंजीकरण किया गया। इसके साथ ही सिंहस्थ के मद्देनजर नासिक की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था में पर्यावरण अनुकूल ई-बस सेवा को शामिल करने की प्रक्रिया का औपचारिक शुभारंभ हो गया है।

क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी प्रदीप शिंदे, उपक्षेत्रीय परिवहन अधिकारी राजश्री गुंड और सहायक क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी सचिन बोधले के मार्गदर्शन में मोटर वाहन निरीक्षक उमेश बेडसे तथा सहायक मोटर वाहन निरीक्षक हनुमंत पारधी ने बस की आवश्यक तकनीकी जांच की। इसके साथ ही वाहन से संबंधित दस्तावेजों का सत्यापन कर पंजीकरण प्रक्रिया पूरी की गई।

nashik first pm e bus simhastha kumbh 29 buses
नासिक जिले में ऑनलाइन तबादले की प्रक्रिया पूर्ण, कार्यमुक्ति की प्रतीक्षा में शिक्षक

सिंहस्थ के लिए 29 ई-बसों का पहला चरण

नासिक शहर के लिए पहले चरण में कुल 29 पीएम ई-बस उपलब्ध कराई जाएंगी। इनमें से पहली बस के आरटीओ कार्यालय में पंजीकरण के लिए पहुंचने के बाद शेष बसों की पंजीकरण प्रक्रिया में भी तेजी आने की संभावना है।सिंहस्थ कुंभ मेले के दौरान देशभर से बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के नासिक पहुंचने की संभावना है। ऐसे में शहर की सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था पर काफी दबाव पड़ेगा। इस पृष्ठभूमि में ई-बस सेवा महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

अधिक सुविधाजनक एवं आरामदायक परिवहन सुविधा

सिंहस्थ के दौरान श्रद्धालुओं की बढ़ती भीड़, यातायात और वाहनों की संख्या को देखते हुए पर्यावरण अनुकूल सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था विकसित करने पर जोर दिया जा रहा है। ई-बसों के माध्यम से प्रदूषण और ईंधन पर निर्भरता कम करने के साथ ही श्रद्धालुओं और शहरवासियों को अधिक सुविधाजनक एवं आरामदायक परिवहन सुविधा उपलब्ध कराने का प्रयास किया जा रहा है।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com