नासिक के चांदवड़ का णमोकार तीर्थ बना आस्था का महासंगम, देश-विदेश से पहुंचे जैन श्रद्धालु

Nashik Panchkalyanak Mahotsav: नासिक के चांदवड़ स्थित श्री णमोकार तीर्थ में आज से अंतरराष्ट्रीय पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव शुरू। 351 जिनबिंबों की शोभायात्रा और धार्मिक अनुष्ठान आकर्षण का केंद्र हैं।
International Panch Kalyanak Pratishtha Festival
णमोकार तीर्थ में अंतरराष्ट्रीय पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव का दृश्य (सोर्स: सोशल मीडिया)
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Panchkalyanak Pratishtha Ceremony: नासिक जिले के चांदवड़ स्थित नवनिर्मित श्री णमोकार तीर्थ के पावन प्रांगण में आज शुक्रवार, 6 फरवरी से ऐतिहासिक 'अंतरराष्ट्रीय पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव' का अत्यंत उत्साह के साथ प्रारंभ हो गया है। गणधराचार्य 108 श्री कुंधुसागरजी महाराज और आचार्य 108 श्री देवनंदीजी महाराज के मंगल सानिध्य में आयोजित इस महोत्सव के प्रथम दिन ध्वजारोहण, घटयात्रा और यागमंडल विधान जैसे महत्वपूर्ण अनुष्ठान संपन्न हो रहे हैं।

351 जिनबिंबों की अलौकिक शोभायात्रा

अंतरराष्ट्रीय पंचकल्याणक प्रतिष्ठा महोत्सव का सबसे आकर्षक दृश्य सुबह 8:00 बजे देखने को मिला, जब 351 जिनबिंबों की भव्य रथयात्रा निकाली गई। बड़ी संख्या में महिलाएं और कुमारिकाएं मस्तक पर मंगल कलश धारण कर इस यात्रा में सम्मिलित हुई। मंडप उद्घाटन और वेदी शुद्धि के बाद भगवान जिनेंद्र को विराजमान कर अभिषेक एवं शांतिधारा की गई। सुबह 11:15 बजे के शुभ मुहूर्त में मुख्य सौधर्म इंद्र नीलम अजमेरा एवं इंद्राणी कीर्तिजी अजमेरा द्वारा ध्वजारोहण कर धर्म प्रभावना की गई।

1.25 लाख स्क्वायर फीट का भव्य मंडप

नासिक जिले के चांदवड़ में आयाेजित इस महोत्सव की भव्यता का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि इसके लिए 1.25 लाख स्क्वायर फीट का विशाल मंडप तैयार किया गया है। पंचकल्याणक के इतिहास में यह पहली बार हो रहा है जब एक ही मंडप में 351 वेदियों का निर्माण किया गया है। यहां इंद्र-इंद्राणी, माता-पिता और कुबेर एक साथ पूजन कर रहे हैं। देश के कोने-कोने के साथ ही विदेशों से भी जैन श्रद्धालु यहां पहुंच रहे हैं।

  • महाआरतीः शाम 7 बजे शास्त्र प्रवचन और दीपों की जगमगाहट।
  • इंद्र सभाः मुख्य मंडप में 'सौधर्म इंद्र की सभा' का जीवंत मंचन।
  • चंद्रपुरी की रचनाः धनपति कुबेर द्वारा रत्नजड़ित नगरी की रचना और रत्नों की वर्षा का दृश्य।
  • माता की सेवाः अष्टकुमारिकाओं द्वारा जिनमाता की सेवा के मनोहारी सांस्कृतिक कार्यक्रम।

प्रशासनिक सुरक्षा के कड़े इंतजाम

विभागीय आयुक्त प्रवीण गेडाम और जिलाधिकारी आयुष प्रसाद के मार्गदर्शन में प्रशासन ने सुरक्षा के चाक-चौबंद इंतजाम किए हैं। 600 पुलिसकर्मी, 250 सीसीटीवी कैमरे और 100 बाउंसर चप्पे-चप्पे पर तैनात हैं। वडालीभोई से सोग्रस फाटा तक हाईवे पर विशेष बैरिके लगाए गए है, श्रद्धालुओं के लिए 35 पानी के टैंकर और मनमाड से हर 2 घंटे में विशेष बसों की व्यवस्था की गई है।

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