नासिक: अंबड-सातपूर औद्योगिक क्षेत्र की बुनियादी समस्याएं होंगी दूर, महापौर ने उद्योगों को दिलाया भरोसा

Nashik Mayor Statement: नासिक महापौर हिमगौरी आडके-आहेर ने अंबड–सातपूर औद्योगिक क्षेत्र में सड़क मरम्मत और सीईटीपी जैसे बुनियादी मुद्दों को प्राथमिकता से हल करने का आश्वासन दिया।
Nashik: Fundamental Issues of Ambad-Satpur Industrial Zone to be Resolved; Mayor Assures Industries
Nashik Sewage Network Project ( Source: Social Media )
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Nashik Sewage Network Project: नासिक की महापौर हिमगौरी आडके-आहेर ने विश्वास दिलाया है कि अंबड-सातपूर औद्योगिक संपदा (एस्टेट) में बुनियादी सुविधाओं के अभाव को दूर किया जाएगा। विशेष रूप से सड़कों की मरम्मत और लंबे समय से लंबित सामान्य अपशिष्ट उपचार संयंत्र (सीईटीपी) के मुद्दों को प्राथमिकता के आधार पर हल किया जाएगा।

शुक्रवार को अंबड इंडस्ट्रीज एंड मैन्युफैक्चरर्स एसोसिएशन के कार्यालय के दौरे के दौरान उन्होंने उद्यमियों से सीधा संवाद साधा। कुंभ मेलाः विकास का स्वर्णिम अवसर : महापौर ने कुंभ मेले को नासिक के औद्योगिक और ढांचागत विकास के लिए एक बड़ा मौका बताया कि 235 करोड़ रुपये की संशोधित सीवरेज नेटवर्क योजना 'महाराष्ट्र जीवन प्राधिकरण' को भेजी गई है, जो मंजूरी के अंतिम चरण में है।

औद्योगिक क्षेत्र की सड़कों के लिए 3 निविदाएं जारी की जा चुकी हैं। अंबड के लिए अतिरिक्त 10 करोड़ रुपये का विशेष प्रावधान किया गया है। उद्योग बजट में मंत्री उदय सामंत इन विकास कार्यों की स्वयं निगरानी कर रहे हैं, जिससे काम में तेजी आने की उम्मीद है।

आधुनिक सुविधाओं और प्रस्तुतीकरण

बुनियादी सेवा समिति के अध्यक्ष कुंदन डरंगे ने एक लघु फिल्म के माध्यम से 'मंत्रभूमि से तंत्रभूमि' तक के सफर और वर्तमान चुनौतियों को रेखांकित किया। श्रमिकों की सुविधा के लिए महापौर ने जल्द ही 'सिटी लिंक' के बेड़े में नई इलेक्ट्रक बसें शामिल करने की घोषणा भी की।

कचरा प्रबंधन के लिए 'घंटागाड़ी' की व्यवस्था की मांग

इससे पूर्व, आयमा के अध्यक्ष राजेंद्र पानसरे और बीओपीधी चेयरमैन ज्ञानेश्वर गोपाल ने औद्योगिक क्षेत्र की दयनीय स्थिति की ओर ध्यान आकर्षित किया, औद्योगिक क्षेत्रों के लिए नगर निगम के बजट में एक स्वतंत्र और स्थायी निधि आवंटित की जाए।

बंद स्ट्रीट लाइटों को तुरत चालू करने और कचरा प्रबंधन के लिए घंटागाड़ी की प्रभावी व्यवस्था करने की मांग की गई। स्थानीय युवाओं को केवल रोजगार ही नहीं, बल्कि उन्हें सफल उद्यमी बनाने के लिए अनुकूल माहौल तैयार करने पर जोर दिया गया।

एमआईडीसी क्षेत्र में सड़‌कों की स्थिति और सीईटीपी परियोजना में हुई देरी आश्चर्यजनक है। हमने इन्हें प्राथमिकता के आधार पर सुलझाने का संकल्प लिया है। उद्योगपतियों को अब सुविधाओं के लिए इंतजार नहीं करना पड़ेगा।

- नासिक, महापौर, हिमगौरी आडके-आहेर

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