Nashik: सोमैया के गंभीर आरोप, मालेगांव में 103 जन्म प्रमाण पत्र रद्द

Kirit Somaiya ने मालेगांव में 103 जन्म प्रमाण पत्र रद्द होने और 500 लोगों की पहचान पर सवाल उठाए हैं। जबकि पूर्व विधायक आसिफ शेख ने आरोपों को राजनीति बताकर खारिज किया।
MP Kirit Somaiya (pic credit; social media)
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Kirit Somaiya In Malegaon: भारतीय जनता पार्टी के नेता किरीट सोमैया ने मंगलवार 18 नवंबर को मालेगांव का दौरा किया और एक गंभीर दावा किया कि नगर पालिका द्वारा 103 जन्म प्रमाण पत्र रद्द कर दिए गए हैं।

उन्होंने यह भी कहा कि इन प्रमाण पत्रों के आधार पर पहचान पत्र बनवाने वाले 500 नागरिक शहर से गायब हो गए हैं और उनमें से 24 नागरिकों ने विदेश भागने के लिए पासपोर्ट बनवाए हैं। सोमैया ने अपर पुलिस अधीक्षक तेगबीर सिंह संधु और आयुक्त रवींद्र जाधव के साथ बंद कमरे में चर्चा की।

इसके बाद पत्रकारों से बात करते हुए सोमैया ने बताया कि रद्द किए गए जन्म प्रमाण पत्र तहसील कार्यालय में जमा करने का काम चल रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि इन 500 नागरिकों ने जन्म प्रमाण पत्र के आधार पर आधार कार्ड, पैन कार्ड और पासपोर्ट बनवाए हैं।

राष्ट्र-विरोधी तत्वों से संबंध का सवाल

सोमैया ने आगे एक गंभीर आरोप लगाया कि 24 ऐसे नागरिक है, जिनका जन्म प्रमाण पत्र बनवाते समय कोई दस्तावेज नाहीं था, लेकिन उन्होंने प्रमाण पत्र के आधार पर पासपोर्ट बनवाए और विदेश भाग गए उन्होंने सवाल उठाया कि क्या इनमें से दो दर्जन नागरिकों का देशद्रोही तत्वों के साथ कोई संबंध नहीं है? सोमैया ने कहा कि राष्ट्रीय सुरक्षा उनकी पहली प्राथमिकता है। उन्होंने मांग की कि 48 घंटों के भीतर तहसीलदार और आयुक्त उन 24 लोगों के खिलाफ मामला दर्ज करें जिनका कोई पता नहीं है। उन्होंने यह भी बताया कि इस मामले में 50 से अधिक अधिकारियों पर पहले ही मामले दर्ज किए जा चुके है।

सोमैया मालेगांव को बदनाम करने का काम कर रहे : आसिफ

दूसरी ओर, मालेगांव के पूर्व विधायक आसिफ शेख ने किरीट सोमैया के आरोपों को सिरे से खारिज किया है। उन्होंने कहा कि भाजपा नेता किरीट सोमैया मालेगांव शहर को बदनाम करने का काम कर रहे हैं और उनके आरोपों में कोई सव्वाई नहीं है।

शेख ने आरोप लगाया कि मालेगांव शहर को लोकसभा चुनाव के समय से ही 'टारगेट' किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि इस मामले में एक विशेष जांच समिति ने अपनी रिपोर्ट दी है, लेकिन शहर में एक भी रोहिंग्या या बांग्लादेशी मुसलमान नहीं मिला है।

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