अच्छे स्कूलों की मांग सरकार विरोधी कैसे? अभिजीत दिपके का CM फडणवीस वार, आश्रमशालाओं की बदहाली पर उठाए सवाल

Abhijeet Dipke On Government School: CJP के संस्थापक अभिजीत दिपके ने आदिवासी छात्रों के प्रदर्शन में पहुंचे। उन्होनें मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस पर स्कूलों और आश्रमशालाओं की मांग को लेकर निशाना साधा।
abhijeet dipke at nasik
अभिजीत दिपके आदिवासी छात्रों के प्रदर्शन मेंsocial media
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Abhijeet Deepke Attack On CM Devendra Fadnavis: कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) के संस्थापक अभिजीत दिपके ने सवाल उठाया है कि अच्छे स्कूलों की मांग करना या सरकारी स्कूलों की स्थिति में सुधार की बात करना सरकार विरोधी विमर्श कैसे हो सकता है। उन्होंने महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस से सरकारी आवासीय विद्यालयों यानी आश्रमशालाओं का दौरा कर वहां की वास्तविक स्थिति देखने का आग्रह किया।

नासिक के ईदगाह मैदान में प्रदर्शन कर रहे आदिवासी छात्रों से मुलाकात के बाद दिपके ने मीडिया से बातचीत की। उन्होंने कहा कि आदिवासी छात्रों को मिलने वाली सुविधाओं, भोजन और शिक्षा में असमानता पूरी तरह अस्वीकार्य है।

बेहतर सुविधाओं की मांग को लेकर प्रदर्शन

महाराष्ट्र के अलग-अलग हिस्सों से आए 100 से अधिक आदिवासी छात्र नासिक में प्रदर्शन कर रहे हैं। इनमें तीन छात्र बेहतर भोजन और छात्रों की सुरक्षा समेत विभिन्न मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं। प्रदर्शनकारी छात्रों ने सरकारी आवासीय विद्यालयों में शौचालयों की खराब स्थिति, स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं और शैक्षणिक सुविधाओं की कमी का मुद्दा भी उठाया। दिपके ने कहा कि मुख्यमंत्री को आश्रमशालाओं का दौरा कर जमीनी हकीकत खुद देखनी चाहिए।

स्कूलों के निजीकरण पर भी सवाल

दिपके ने सरकार की स्कूलों और शैक्षणिक संस्थानों के निजीकरण की कथित नीति की आलोचना की। उन्होंने तंज कसते हुए कहा कि अगर सरकार स्कूलों का निजीकरण करना चाहती है, तो राज्य सचिवालय का भी निजीकरण किया जाना चाहिए।

मुख्यमंत्री फडणवीस द्वारा कॉकरोच जनता पार्टी को कथित तौर पर ‘कांग्रेस जिताओ पार्टी’ कहे जाने के सवाल पर दिपके ने पलटवार किया। उन्होंने कहा कि भाजपा नेताओं को पहले यह तय करना चाहिए कि कॉजपा आतंकवादियों की ‘बी टीम’ है या कांग्रेस की। उन्होंने सवाल किया कि अच्छे स्कूलों की मांग करना या उनकी स्थिति में सुधार की बात करना सरकार विरोधी विमर्श कैसे हो सकता है।

दिपके ने कहा कि जनता ने कांग्रेस को सत्ता से हटाया क्योंकि उसके कार्यों से लोग संतुष्ट नहीं थे। अब भाजपा पिछले 12 वर्षों से सत्ता में है, इसलिए उसे अपने कामों का लेखा-जोखा जनता के सामने रखना चाहिए।

अनशनकारी छात्र की तबीयत बिगड़ी

प्रदर्शन के दौरान अनशन कर रहे एक छात्र की तबीयत अचानक बिगड़ गई। इसके बाद उसे अस्पताल में भर्ती कराया गया। घटना की जानकारी मिलते ही अभिजीत दिपके ने मीडिया से बातचीत रोक दी और छात्र का हाल जानने अस्पताल पहुंच गए।नासिक के विवेक गावित, सुरगाणा के राहुल पवार और नंदुरबार की लक्ष्मी जाधव अपनी मांगों को लेकर अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे हैं।

प्रदर्शनकारी छात्रों ने दावा किया है कि राज्य की सरकारी आवासीय विद्यालयों में 592 छात्रों की मौत हो चुकी है। उन्होंने मृत छात्रों के परिवारों को मुआवजा देने और इसके लिए जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। इन आंकड़ों और आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है।

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