भाजपा के ढोंग को जवाब देने का वक्त आ गया, नागपुर में महाआरती के बाद बरसे उद्धव ठाकरे; देशव्यापी आंदोलन का ऐलान

Ram Raksha Protest: नागपुर में उद्धव ठाकरे ने राम रक्षा पाठ आंदोलन की शुरुआत करते हुए भाजपा पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि राम के नाम पर राजनीति करने वालों से जनता सवाल पूछे।
The time has come to respond to the BJP's hypocrisy; Uddhav Thackeray lashed out after the 'Maha Aarti' in Nagpur and announced a nationwide agitation.
उद्धव ठाकरे, राम रक्षा आंदोलन,(सोर्स: नवभारत फाइल फोटो)
Updated on

Uddhav Thackeray Nagpur Rally: नागपुर अयोध्या श्रीराम मंदिर में दान चोरी के खिलाफ शिवसेना उबाठा ने संघ मुख्यालय व मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के गृहनगर नागपुर से राम रक्षा पाठ आंदोलन का आगाज किया, पार्टी प्रमुख उद्धव ठाकरे ने रामनगर स्थित राम मंदिर में राम रक्षा पाठ और महाआरती के बाद मंदिर के बाहर आयोजित सभा में भाजपा के झूठे हिन्दुत्व और रामभक्ति के ढोंग को ललकारते हुए कहा कि राम के नाम पर राजनीति करने वालों को करारा जवाब देने का वक्त आ गया है।

उन्होंने शिवसैनिकों व देश की जनता से अपील की कि भाजपा के नेताओं से सवाल पूछो कि उनका 'हिन्दुत्व' क्या है। उन्होंने ऐलान किया कि नागपुर से शुरू हुआ यह नया आंदोलन पूरे देशभर में ले जाएंगे। इस दौरान पूर्व मंत्री आदित्य ठाकरे, सांसद संजय राऊत, विप के पूर्व विपक्ष नेता अंबादास दानवे, चंद्रकांत खैरे, सतीश हरडे, किशोर कुमेरिया सहित बड़ी संख्या में शिवसैनिक व नागरिक उपस्थित थे।

अब हिन्दू माफ नहीं करेगा

ठाकरे ने कहा कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने देश में हुई एक घटना के बाद कहा था कि 'अब हिन्दू मार नहीं खाएगा।' उन्होंने कहा कि राम मंदिर में करोड़ों की दान चोरी की गई। ऐसे चोरों को 'अब हिन्दू माफ नहीं करेगा।' उन्होंने भाजपा पर आरोप लगाया कि एक मुद्दा ठंडा होता है तो दूसरा खड़ा करते हैं ताकि देश की जनता का ध्यान भटक जाए। इतनी नीच राजनीति कभी नहीं देखी।

उन्होंने कहा कि राम रक्षा पाठ के लिए मुख्यमंत्री फडणवीस और संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत को आमंत्रित किया था। यहां कांग्रेस, NCP से जुड़े लोग आए हैं क्योंकि राम सभी के हैं। भाजपा का कोई नहीं आया। संघ से कोई प्रतिनिधि ही भेज देते। उन्होंने सवाल किया कि क्या ये लोग राम भक्त हैं।

ठाकरे ने कहा कि जब बाबरी ढहाई गई थी तब केवल एक शिवसेना ही हिन्दुओं की रक्षक थी। बालसाहब ठाकरे ने कहा था कि अगर बाबरी शिवसैनिकों ने गिराई है तो मुझे उन पर गर्व है। उन्होंने ही राम मंदिर अभियान शुरू किया था। भाजपा ने नारा दिया था, मंदिर वहीं बनाएंगे.... क्यों, लूटने के लिए। आज रामभक्तों को ही राम की रक्षा करने की नौबत आ गई है।

राम मंदिर दान मामले में स्वतंत्र जांच की मांग

राम मंदिर दान चोरी की एसआईटी जांच की नौटंकी करने की बजाय सेवानिवृत्ति न्यायाधीश से स्वतंत्र जांच की जानी चाहिए,

भाजपा ने की धोखेबाजी पूर्व सीएम ने आरोप लगाया कि भाजपा ने धोखेबाजी की। इसलिए महाविकास आघाड़ी सरकार बनानी पड़ी। आज आरोप लगाते हैं कि हमने हिन्दुत्व छोड़ा। उन्होंने राज्य सरकार की खिंचाई भी की।

उन्होंने कहा कि किसानों को कर्ज से मुक्ति नहीं, लाडली बहनों को ठगा और अब साड़ी वितरण योजना भी बंद कर दी। जब जरूरत पड़ा तो इस्तेमाल करो और काम निकल गया तो छोड़ देने की इनकी नीति है। दिल्ली में नीट पेपर लीक घोटाले में शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर सोनम वांगचुक देश के युवाओं के समर्थन में अनशन कर रहे थे। उन्हें पुलिस उठाकर ले गई। कॉक्रोच जनता पार्टी के दिपके आंदोलन जारी रखे हुए हैं। युवाओं भविष्य के लिए यह संघर्ष है। मुंबई में शिवसेना उनके समर्थन में आंदोलन करेगी।

कांग्रेस व NCP नेता हुए शामिल

रामरक्षा पाठ आयोजन में महायुति के घटक दल कांग्रेस के स्थानीय नेता भी शामिल हुए। सांसद श्याम चर्वे, पूर्व मंत्री सुनील केदार, पूर्व जिप उपाध्यक्ष कुंदा राऊत सहित कांग्रेस के कुछ पदाधिकारी व कार्यकर्ता भी शामिल हुए। वहीं NCP शरद पवार पार्टी के जिलाध्यक्ष सलिल देशमुख, पूर्व विधायक प्रकाश गजभिये सहित अन्य पदाधिकारी भी आयोजन में शामिल हुए।

चौराहे पर सीएम व पूर्व सीएम के होर्डिंग

मंदिर प्रबंधन ने आयोजन को लेकर सशर्त अनुमति दी थी। मंदिर परिसर के बाजू वाला मैदान पहले ही सीएम देवेंद्र फडणवीस के जन्मदिन के निमित्त लक्ष्मी-नृसिंह महायज्ञ आयोजन के लिए पश्चिम व द।प। नागपुर भाजपा ने बुक कर रखा था। वहां उनका पंडाल लग रहा है।

इसलिए शिवसेना को मंदिर के बाहर रोड पर ही आयोजन करना पड़ा, रामनगर चौराहे पर भी भाजपा ने पहले ही भगवा लपेटकर फडणवीस के होर्डिंग्स लगा रखे थे। उन होर्डिंग्स के बीच में उद्धव ठाकरे के स्वागत के दो ही होर्डिंग्स लगाने की जगह शिवसैनिकों को मिल पायी। यह भी लोगों के कौतूहल का विषय रहा कि सीएम और पूर्व सीएम के बीच चल रही खींचतान यहां भी नजर आ रही थी।

बारिश में भी डिगे नहीं शिवसैनिक

  • सिटी में सुबह से ही रुक-रुक बारिश हो रही थी। आयोजन के दौरान भी बारिश होती रही। बावजूद इसके बड़ी संख्या में शिवसैनिक डटे रहे।
  • मंदिर परिसर के आसपास ट्रैफिक व्यवस्था में बदलाव किया गया था। बड़ी संख्या में पुलिस का बंदोबस्त लगा हुआ था।
  • सभा के दौरान जय श्रीराम, जय भवानी जय शिवाजी का जल्लोष गूंजता रहा।
  • भजन मंडली और ढोल-ताशे की धुन ने वातावरण भक्तिमय कर दिया था।
  • ठाकरे ने कहा कि यह केवल धार्मिक कार्यक्रम नहीं बल्कि राजनीतिक चुनौती थी।
Navbharat Live
navbharatlive.com