'किसी को नहीं बख्शा जाएगा!' पुणे लैंड स्कैम पर फडणवीस का बड़ा ऐलान, रजिस्ट्री रद्द, जांच होगी तेज!

Pune Land Scam: पुणे लैंड स्कैम मामले में सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा पुणे लैंड स्कैम में किसी को बख्शा नहीं जाएगा। जांच जारी, दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।
Pune Land Scam: पुणे लैंड स्कैम मामले में सीएम देवेंद्र फडणवीस ने कहा पुणे लैंड स्कैम में किसी को बख्शा नहीं जाएगा। जांच जारी, दोषियों पर सख्त कार्रवाई होगी।
सीएम देवेंद्र फडणवीस (सौजन्य-एक्स)
Published on: 
Updated on: 

Nagpur News: सीएम देवेन्द्र फडणवीस ने पुणे जमीन घोटाले के संदर्भ में स्पष्ट कर दिया है कि कोई भी दोषी बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने कहा कि संबंधित मामले में हुए समझौते की रजिस्ट्री पूरी हो चुकी थी, केवल पैसों का लेन-देन बाकी था। अब दोनों पक्षों ने इस रजिस्ट्री को रद्द करने के लिए आवेदन किया है।

रजिस्ट्री रद्द करने के लिए भी निर्धारित शुल्क जमा करना होता है और इस संदर्भ में उन्हें नोटिस जारी की गई है, इसलिए आगे आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। वे नागपुर में पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। उन्होंने कहा कि दर्ज हुआ क्रिमिनल केस इस प्रक्रिया से खत्म नहीं होगा। इस मामले में जो भी अनियमितताएं हुई हैं उनमें जो कोई भी दोषी होगा उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

अतिरिक्त मुख्य सचिव के मार्गदर्शन में एक समिति गठित की गई है जिसके तहत समानांतर जांच चल रही है और वह जारी रहेगी। इस जांच की रिपोर्ट एक महीने में ली जाएगी। इस प्रकरण की व्यापकता कितनी है और इसमें और कौन-कौन शामिल हैं, इसकी पूरी जानकारी मिलने के बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने कहा कि इससे डीसीएम अजित पवार भी सहमत होंगे।

निलंबन के आदेश

उन्होंने बताया कि इस मामले में जो लोग प्रारंभिक जांच में दोषी पाए गए उनके खिलाफ कार्रवाई की जा चुकी है। इस पूरे लेन-देन में जिन अधिकारियों की संलिप्तता पाई गई उन्हें निलंबित करने के आदेश दिए गए हैं, इसलिए अगर कोई गलत काम करता है तो सरकार उसके पीछे खड़ी नहीं रहेगी, यह हमारी स्पष्ट नीति है। स्टाम्प ड्यूटी के भुगतान के संबंध में जो नोटिस जारी की गई है, वह संबंधित पक्षों को दी गई है।

स्टाम्प शुल्क चुकाए बिना कोई भी सौदा रद्द नहीं किया जा सकता। यह नियम है और इस मामले में भी यही नियम सख्ती से लागू किया जाएगा। कथित भूमि सौदे के मामले में जो लोग एफआईआर का मतलब तक नहीं जानते, वे भी तरह-तरह के आरोप लगा रहे हैं। अवैध सौदे करने वालों पर कानून के अनुसार कार्रवाई की जाती है। इस कंपनी के समझौता पत्र पर हस्ताक्षर करने वाले जिम्मेदार अधिकारी ही हैं, और उनके खिलाफ अपराध दर्ज किया गया है।

आगे इस जटिल लेन-देन में जिन-जिन लोगों के नाम सामने आएंगे उनके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल ‘पावर ऑफ अटॉर्नी’ जिनके पास है और जिन्होंने अपनी हस्ताक्षर से यह समझौता पूरा किया है, उनके खिलाफ कार्रवाई की गई है। शीतल तेजवानी का नाम आने के बावजूद उन पर कार्रवाई क्यों नहीं हुई, इस सवाल पर सीएम ने कहा कि इस मामले में मेरे पास अभी कोई जानकारी नहीं है। सही जानकारी आने के बाद ही मैं उत्तर दूंगा।

जरांगे प्रकरण में गहन जांच

सीएम ने कहा कि मनोज जरांगे के मामले में 2 लोगों को गिरफ्तार किया गया है। गहन जांच कर किसी को भी इस मामले में बचने नहीं दिया जाएगा। जो घटना हुई है, उसकी तह तक जाने का काम पुलिस कर रही है। सारी जानकारी सामने आने के बाद इस पर आधिकारिक रूप से बात की जाएगी।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com