कर्तव्य और आस्था का संगम: नागपुर पुलिस के हवलदार शकील अहमद बने राज्य हज निरीक्षक, विभाग का बढ़ाया मान
Nagpur Police Selection: नागपुर पुलिस के हवलदार शकील अहमद का चयन 2026 हज यात्रा के लिए राज्य हज निरीक्षक के रूप में हुआ है। यह शहर के लिए गौरव की बात है।
- Written By: अंकिता पटेल
नागपुर पुलिस हज निरीक्षक( सोर्स: सोशल मीडिया )
Haj Inspector Selection India Police: नागपुर जब कर्तव्य के प्रति निष्ठा और धर्म के प्रति आस्था का मिलन होता है, तो व्यक्तित्व समाज के लिए प्रेरणा बन जाता है। नागपुर शहर पुलिस के नवीन कामठी थाने में कार्यरत हवलदार शकील अहमद मोहम्मद यूसुफ ने इस कहावत को चरितार्थ किया है।
वर्ष 2026 की पवित्र हज यात्रा के लिए उनका चयन ‘राज्य हज निरीक्षक’ के रूप में हुआ है। यह सम्मान न केवल उनके परिवार के लिए गौरव का विषय है, बल्कि पूरे नागपुर पुलिस विभाग के लिए एक बड़ी उपलब्धि है।
देशभर से चुने गए 135 पुलिस जवानों में नागपुर जिले से शकील अहमद का नाम शामिल होना उनकी विशिष्ट योग्यता को दर्शाता है। महाराष्ट्र राज्य से कुल 24 हज निरीक्षक नियुक्त किए गए हैं और नागपुर शहर पुलिस से वे अकेले प्रतिनिधि हैं।
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कौन सी जिम्मेदारी निभानी होगी
1 मई 2026 को सुबह 4 बजे उनकी उड़ान निधर्धारित है। पुलिस मुख्यालय, मुबई के निर्देशानुसार उन्हें उड़ान से तीन दिन पूर्व कार्यमुक्त किया जाएगा, जिसके बाद वे महाराष्ट्र हज समिति में अपनी ड्यूटी जॉइन करेंगे, नवीन कामठी थाने के वरिष्ठ पुलिस निरीक्षक महेश आंधले के मार्गदर्शन में उन्होंने यह चयन प्रक्रिया पूरी की।
हज निरीक्षक क्या होता है। हज निरीक्षक यह अधिकारी होता है जिसे हज यात्रा के दौरान हाजियों की सहायता के लिए नियुक्त किया जाता है। इन्हें लगभग 50 दिनों के लिए सऊदी अरब भेजा जाता है।
प्रत्येक निरीक्षक के जिम्मे करीब 150 हाजी होते हैं। हाजियों के तकनीकी, स्वास्थ्य, यात्रा और आपातकालीन समस्याओं का समाधान करना, गुमशुदगी, पासपोर्ट सबंधी मुद्दे, इलाज, यहां तक कि मृत्यु की स्थिति में प्रक्रिया पूरी करना उन्हें निभानी होगी।
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खिलाड़ी से पुलिस तक का सफर
शकील अहमद का जीवन केवल पुलिस सेवा तक सीमित नहीं रहा। वे एक उत्कृष्ट फुटबॉल खिलाड़ी भी रहे हैं। नागपुर ब्लूस और रब्बानी क्लब से खेलते हुए उन्होंने रेत्तमिंटल पुलिस, सिटी पुलिस और महाराष्ट्र पुलिस का प्रतिनिधित्व किया, देश के प्रतिष्ठित संतोष ट्रॉफी टूर्नामेंट में भी उन्होंने महाराष्ट्र का प्रतिनिधित्व कर शहर का नाम रोशन किया। उन्होंने बताया कि हन निरीक्षक बनने की प्रक्रिया भी बेहद कठिन रही।
