

Nagpur POCSO Case: महाराष्ट्र के नागपुर में एक 16 वर्षीय नाबालिग छात्रा को बंधक बनाकर यौन शोषण करने वाले 19 वर्षीय आरोपी की हरकतों ने पुलिस प्रशासन के होश उड़ा दिए हैं। दिघोरी इलाके के एक किराए के फ्लैट से रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया आरोपी अब पुलिस हिरासत (लॉकअप) में वीआईपी सुविधाओं की मांग कर रहा है।
आरोपी ने ना केवल अपनी मेडिकल जांच कराने से साफ इनकार कर दिया है, बल्कि पुलिस जांच में सहयोग करने और मोबाइल फोन का पासवर्ड बताने से भी मना कर दिया है। साथी वो पुलिस से अजीब सी मांग कर रहा है।
नागपुर पुलिस अधिकारियों के अनुसार, गिरफ्तारी के बाद लॉकअप में रखे गए आरोपी ने वहां की व्यवस्थाओं को लेकर अजीबोगरीब शिकायतें शुरू कर दीं। उसने नाश्ते में पिज्जा, स्वादिष्ट भोजन, सोने के लिए मुलायम गद्दा (मैट्रिक्स) और मच्छरों से बचने के लिए मोर्टिन और ऑल-आउट जैसी सुविधाओं की मांग की।
इसके साथ ही उसने लॉकअप के शौचालय की सफाई और गंदी दीवारों पर भी कड़ा ऐतराज जताया। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ हत्या के प्रयास और पॉक्सो (POCSO) एक्ट समेत कई गंभीर धाराओं में मामला दर्ज किया है।
इस रोंगटे खड़े कर देने वाली वारदात का खुलासा करते हुए पुलिस ने बताया कि आरोपी ने पीड़िता को एक किराए के कमरे में बंधक बना रखा था। एएसआई दीपक मोरे की अगुवाई में जब पुलिस टीम ने मौके पर धावा बोला, तो आरोपी छात्रा की गर्दन पर धारदार सर्जिकल चाकू रखकर उसका यौन शोषण कर रहा था।
पुलिस टीम ने अदम्य साहस का परिचय देते हुए तुरंत फ्लैट का दरवाजा तोड़कर आरोपी को काबू में किया और पीड़ित छात्रा को सुरक्षित बाहर निकाला।
नागपुर के पुलिस आयुक्त विश्वास नांगरे पाटिल ने बताया कि पीड़िता अभी गहरे मानसिक सदमे में है और उसकी स्थिति सामान्य होने के बाद विस्तृत बयान दर्ज किया जाएगा।
जांच अधिकारियों के मुताबिक, POCSO आरोपी पुलिस को पीड़िता और अपने मोबाइल फोन का पासवर्ड नहीं दे रहा है, जबकि बंधक बनाने के दौरान वह दोनों फोन का इस्तेमाल कर रहा था। पुलिस का मानना है कि यह पूरी वारदात एक सोची-समझी साजिश का हिस्सा हो सकती है और डिजिटल साक्ष्य जुटाने के लिए फॉरेन्सिक टीम की मदद ली जा रही है।