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नागपुर में नकली नोट छापने के आरोप में 29 वर्षीय युवक गिरफ्तार।
पुलिस के मुताबिक, किराये के कमरे से 37 लाख रुपये के नकली नोट जब्त किए गए।
अधूरी छपाई वाले नोटों की बताई गई कीमत 48 लाख रुपये है।
आरोपी ने कथित तौर पर ऑनलाइन प्लेटफॉर्म से कलर प्रिंटर खरीदा था।
पुलिस बैंक खातों, नोटों की छपाई और संभावित सहयोगियों की जांच कर रही है।
मामले की जानकारी ATS और IB को भी दी गई है।
Manifestation Fake Notes Nagpur: नागपुर जिले में ऐसा माना जाता है कि 'मैनिफेस्ट' करने पर यदि आप पूरी निष्ठा के साथ कुछ मांगें तो वह आपको मिल जाता है। बस ऐसा ही कुछ फितूर एक युवक के दिमाग में आया। घर में जितना ज्यादा पैसा रहेगा उतना हो अधिक पैसा आकर्षित होगा।
इसी अंधविश्वास के चलते त्रिमूर्तिनगर निवासी पुष्पम कृष्णा बंडाने (29) ने किराये का कमरा लेकर नकली नोट छापने शुरू कर दिए, 'मैनिफेस्टिंग' यानी मन में किसी इच्छा या लक्ष्य को तय कर उसे हासिल करने की अवधारणा से प्रभावित होकर उसने कलर प्रिंटर के जरिए नोटों की छपाई की।
पुलिस ने उसके कमरे से 37 लाख रुपये के नकली नोट जब्त किए हैं। वहीं अधूरी छपाई वाले 48 लाख के नोट भी मिले थे। पुलिस ने रविवार की रात उसे गिरफ्तार किया। अदालत ने आरोपी को 30 अक्टूबर तक पुलिस हिरासत में भेज दिया।
आशीर्वादनगर में पुष्पम की कंट्रोल की दुकान थी, जो बाद में बंद हो गई। इसके बाद उसने घर का सोना भी गिरवी रख दिया था। जांच में पता चला कि उसने ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म अमेजन से कलर प्रिंटर खरीदा था।
नोट छापने के लिए कागज की रीम महल क्षेत्र से लाए जाने की जानकारी भी सामने आई है। पुलिस के अनुसार, पुष्पम को भगवान पर विश्वास है और वह 'मैनिफेस्टिंग' की अवधारणा से प्रभाचित था।
इसी सोच के चलते उसे लगा कि घर में अधिक पैसा रखने से और पैसा आकर्षित होगा, हालांकि यह केवल आरोपी की कथित सोच थी। मैनिफेस्टिंग का नकली नोट छापने या धन आकर्षित होने से कोई प्रमाणित संबंध नहीं है।
पुलिस अब आरोपी के बैंक खातों और ऑनलाइन खरीदे गए प्रिंटर सहित अन्य सामग्री की जानकारी जुटा रही है। यह भी पता लगाया जा रहा है कि उसने कितने नोट छापे, उन्हें कहीं चलाने की कोशिश की या नहीं और इस काम में कोई अन्य व्यक्ति शामिल था या नहीं।
नकली नोट पकड़े जाने के बाद एटीएस और इंटेलिजेंस ब्यूरो (आईबी) को भी मामले की जानकारी दी गई है। दोनों एजेंस्स्यिां यह पता लगाने मे जुटी हैं कि आरोपी का किसी अन्य व्यक्ति या संदिग्ध नेटवर्क से संपर्क तो नहीं है।