

UPI Charges,Congress Protest: नागपुर में UPI भुगतान पर प्रस्तावित अतिरिक्त शुल्क के विरोध में कांग्रेस के प्रदेश उद्योग-व्यापारी सेल और मध्य नागपुर कमेटी ने प्रदर्शन किया।
अतुल कोटेचा के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने शुल्क वापस लेने की मांग करते हुए केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी की।
नागपुर में UPI भुगतान पर अतिरिक्त शुल्क के मुद्दे को लेकर कांग्रेस ने केंद्र सरकार के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। प्रदेश उद्योग-व्यापारी सेल और मध्य नागपुर कमेटी के कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन कर UPI पर किसी भी तरह का अतिरिक्त शुल्क नहीं लगाने की मांग की। प्रदर्शन के दौरान मोदी सरकार के खिलाफ जमकर नारेबाजी हुई। वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का पुतला दहन करने की कोशिश के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच धक्कामुक्की भी हुई।
डिजिटल इंडिया और कैशलेस अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने की केंद्र सरकार की नीति पर सवाल उठाते हुए कांग्रेस ने UPI भुगतान पर प्रस्तावित अतिरिक्त शुल्क का विरोध किया। प्रदेश उद्योग-व्यापारी सेल और मध्य नागपुर कमेटी की ओर से आयोजित प्रदर्शन का नेतृत्व प्रदेश उद्योग-व्यापार प्रकोष्ठ के अध्यक्ष अतुल कोटेचा ने किया।
प्रदर्शन में बड़ी संख्या में कांग्रेस कार्यकर्ता, पदाधिकारी और व्यापारी शामिल हुए। कार्यकर्ताओं ने केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी करते हुए UPI भुगतान पर शुल्क नहीं लगाने की मांग की। प्रदर्शनकारियों ने UPI चार्ज वापस लो और सरकार के खिलाफ अन्य नारे भी लगाए।
अतुल कोटेचा ने कहा कि केंद्र सरकार ने डिजिटल इंडिया के माध्यम से लोगों को नकद लेन-देन के बजाय डिजिटल भुगतान की ओर बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया। अब यदि UPI भुगतान पर अतिरिक्त शुल्क लगाया जाता है तो इसका असर छोटे व्यापारियों के साथ आम उपभोक्ताओं पर भी पड़ सकता है।
उन्होंने कहा कि महंगाई, बढ़ती लागत और आर्थिक दबाव के बीच छोटे दुकानदार पहले से परेशान हैं। ऐसे में डिजिटल भुगतान पर अतिरिक्त लागत बढ़ने से व्यापारियों की मुश्किलें और बढ़ सकती हैं। कांग्रेस ने सरकार से UPI पर प्रस्तावित शुल्क को तत्काल वापस लेने की मांग की।
प्रदर्शन के दौरान कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण का पुतला दहन करने की कोशिश की। पुलिस जवानों ने पुतला अपने कब्जे में ले लिया। इस दौरान प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच धक्कामुक्की हुई और कुछ समय के लिए तनाव की स्थिति बन गई।
कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने आरोप लगाया कि पुलिस प्रशासन आंदोलन को दबाने का प्रयास कर रहा है। हालांकि, प्रदर्शन के दौरान पुलिस की कार्रवाई और उसके कारणों को लेकर प्रशासन का पक्ष इस कॉपी में उपलब्ध नहीं है।
प्रदर्शन में कैलाश जोगानी, गोविंद पसारी, पंकज मुनियर, अतुल लाड, वसीम खान, सैयदा निजाम अंसारी, सुहास नानकटकर, विवेक निकोसे, रोहित यादव, श्रीकांत डोलके, रिंकू जैन और मेहुल आडवाणी सहित बड़ी संख्या में कांग्रेस पदाधिकारी, नगरसेवक, कार्यकर्ता और व्यापारी शामिल हुए।
कांग्रेस ने दोहराया कि UPI भुगतान पर किसी भी अतिरिक्त शुल्क का वह विरोध करेगी और सरकार से इस संबंध में स्पष्टता के साथ शुल्क वापस लेने की मांग की है।