नागपुर मनपा का हजारों करोड़’ का बजट: दावों की झड़ी के बीच जनता का बड़ा सवाल-घोषणाएं तो ठीक, पर काम कब होगा?
Nagpur Municipal Budget: मनपा ने बजट में विकास योजनाओं की घोषणा की, लेकिन अधूरी सफाई, जलभराव और 24 घंटे पानी जैसे पुराने वादों के कारण नागरिक नई घोषणाओं पर सवाल उठा रहे हैं।
- Written By: अंकिता पटेल
मनपा बजट, नागपुर विकास, (सोर्स: सोशल मीडिया)
Nagpur NMC Budget Drain Cleaning: नागपुर मनपा ने बजट पेश किया और विकास संबंधी घोषणाओं और नई योजनाओं की झड़ी लगा दी। हालांकि इन घोषणाओं की गहमागहमी के बीच नागपुर निवासियों के मन में सिर्फ एक ही सवाल गूंज रहा है, ‘क्या जो अब तक नहीं हुआ है, वह अब सच में होगा?’ लगभग 2 महीने पहले मनपा ने मानसून से पहले सफाई अभियान की बड़ी घोषणा की थी, उसने विशेष सफाई अभियान चलाने का दावा भी किया था लेकिन हकीकत में शहर की कई नालियां अभी भी गाद से भरी हुई हैं। कई इलाकों में तो सफाई भी नहीं हुई है।
घोषणाओं से आगे बढ़कर योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन की जरूरत
थोड़ी सी बारिश के बाद भी शहर के अंडरपास ‘स्विमिंग पूल’ जैसे बन जाते हैं। ऐसे में सवाल उठता है कि जो प्रशासन समय पर नालियों की सफाई नहीं कर सकता, वह हजारों करोड़ रुपये की योजनाओं को प्रभावी ढंग से कैसे लागू करेगा? विधानसभा में बड़ी-बड़ी योजनाओं की घोषणा करना और वाहवाही बटोरना आसान है लेकिन उन्हें लागू करने के लिए दृढ़ संकल्प, प्रशासन पर नियंत्रण और निरंतर निगरानी की आवश्यकता होती है। शहर को अब तक 24 घंटे पानी की आपूर्ति का सपना दिखाया गया है, लेकिन यह अभी तक पूरा नहीं हुआ है। इसलिए लोग इस वर्ष के बजट में की गई नई घोषणाओं को आशा के साथ-साथ संदेह की दृष्टि से भी देख रहे हैं।
आंकड़ों और घोषणाओं का दस्तावेज
5 से 21 जून तक चलाए गए विशेष स्वच्छता अभियान के बावजूद शहर के कई हिस्सों में गंदगी का आलम नजर आ रहा है। नागरिकों का आरोप है कि मानसून से पहले नदी और नालों की सफाई और विशेष स्वच्छता अभियान सिर्फ दिखावा मात्र थे।
सम्बंधित ख़बरें
पिंपरी-चिंचवड़ में गहराया जल संकट, 15% कटौती के बाद अब केवल 1 से 3 घंटे ही होगी पानी की सप्लाई
‘धर्मेंद्र प्रधान इस्तीफा दो’ का नारा पहुंचा चंद्रपुर; NEET की कोर्ट की निगरानी में जांच की कांग्रेस की मांग
TET परीक्षा स्थगित होने पर पुणे में अभाविप का बड़ा प्रदर्शन, अथर्व कुलकर्णी ने प्रशासनिक प्रणाली पर उठाए सवाल
Ketan Agrawal Murder Case: लोहागढ़ किले पहुंची पुणे पुलिस, सिया और चेतन के साथ रीक्रिएट किया क्राइम सीन
यह भी पढ़ें:-गोंदिया: गंगाझरी-तिरोड़ा मार्ग पर भीषण सड़क हादसा, आमने-सामने की टक्कर में युवक की मौत, 9 घायल
शनिवार को विधानसभा में घोषणाओं की जमकर बारिश हुई। हालांकि नागपुर के लोग अब भी सड़कों के निर्माण व मरम्मत, नदी-नालों की वास्तविक सफाई और शहर व्यवस्थापन में बदलाव देखने का इंतजार कर रहे हैं। लोगों का कहना है कि यदि ऐसा नहीं हुआ तो आशंका है कि यह बजट भी सिर्फ आंकड़ों और नारों का दस्तावेज बनकर रह जाएगा।
