

Nagpur Graduate Voter Registration: नागपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र के लिए चुनाव घोषित होते ही राजनीतिक दलों में अफरा-तफरी शुरू हो गई है। राजनीतिक दलों सहित इच्छुक उम्मीदवारों के प्रतिनिधि पंजीकरण के लिए बेहद सक्रिय हो गए हैं और जितने भी परिचित हैं, उनसे पंजीकरण के लिए आवश्यक दस्तावेज एकत्र कर रहे हैं।
यद्यपि चुनाव 23 अक्टूबर को घोषित हुआ है, फिर भी इसके लिए 26 सितंबर तक ऑनलाइन मतदाताओं का पंजीकरण जारी रहेगा। फिलहाल चुनाव विभाग की ओर से स्नातक पंजीकरण की समय सीमा बढ़ाने की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है।
इसलिए अक्टूबर के पहले सप्ताह में इस निर्वाचन क्षेत्र के अतिरिक्त मतदाताओं की सूची जारी की जाएगी। इस बीच, बुधवार को राजनीतिक दलों के पंजीकरण प्रमुखों ने विभागीय आयुक्त कार्यालय में पंजीकरण प्रमुख अधिकारी प्रदीप कुलकर्णी से संपर्क कर आवश्यक जानकारी हासिल की।
महाराष्ट्र राज्य के मुख्य निर्वाचन अधिकारी कार्यालय ने 22 सितंबर को इस संबंध में चुनाव कार्यक्रम घोषित कर दिया। परिणामस्वरूप सभी को झटका लगा। नागपुर स्नातक क्षेत्र के वर्तमान विधायक एड.अभिजीत बंजारी का कार्यकाल दिसंबर में समाप्त हो रहा है।
इसलिए अनुमान लगाया जा रहा था कि एक महीने पहले यानी नवंबर में चुनाव की घोषणा होगी लेकिन अचानक चुनाव घोषित हो जाने के कारण सभी में भगदड़ मच गई है।
इसके अलावा, पंजीकरण की तारीख को लेकर भी तरह-तरह की अटकलें लगाई जा रही हैं। चुनाव विभाग ने 26 सितंबर तक ऑनलाइन पंजीकरण की समयसीमा दी है। समयसीमा बढ़ाने को लेकर कोई आधिकारिक घोषणा नहीं की गई है
नागपुर स्नातक निर्वाचन क्षेत्र में प्रथम चरण में इस निर्वाचन क्षेत्र में 1.59 लाख स्नातकों का पंजीकरण किया गया था। द्वितीय चरण में अब तक 2.08 लाख मतदाताओं के पंजीकरण की आधिकारिक पुष्टि हुई है। शेष 2 दिनों को ध्यान में रखें तो यह आंकड़ा 2.50 लाख तक पहुंच सकता है।
इसमें और अधिक वृद्धि होने की संभावना नहीं है। 2020 के चुनाव में 2,07,000 स्नातक पंजीकृत थे। इनमें से 1,32,923 स्नातक मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया था। इसमें कांग्रेस के विजयी उम्मीदवार एड. अभिजीत वंजारी को 61,701 वोट मिले थे, वहीं पराजित भाजपा के संदीप जोशी को 42,792 वोट मिले थे।
कुल 18,910 वोटों से एड. वंजारी इस निर्वाचन क्षेत्र से विजयी हुए थे। बुधवार को कांग्रेस के एक स्नातक पंजीकरण पदाधिकारी ने वर्तमान पंजीकृत मतदाताओं में और 1।27 लाख मतदाताओं के पंजीकरण का दावा किया है। भाजपा की ओर से भी लगभग उतने ही पंजीकरण का दावा किया जा रहा है, जिन मतदाताओं का पंजीकरण हो चुका है उनकी सूची भी जारी कर दी गई है।
चुनाव कार्यक्रम : राजनीतिक दल भी रहा बेखबर
आमतौर पर सभी राजनीतिक दलों को लग रहा था कि यह चुनाव नवंबर में होगा, हालांकि मुख्य निर्वाचन अधिकारी द्वारा 22 सितंबर को अचानक सीधे चुनाव कार्यक्रम घोषित कर दिए जाने से सभी को गहरा आश्चर्य हुआ। वर्तमान में एसआईआर प्रक्रिया जारी है और सभी जिलों में प्रशासनिक मशीनरी इसमें जुटी हुई है। इसके चलते 4 नवंबर तक एसआईआर का काम पूरा होगा। इस दौरान आपत्तियों, शिकायतों पर सुनवाई और मतदाता सूची की गलतियों को सुधारने में पूरा तंत्र लगा हुआ है, इसलिए चुनाव कार्यक्रम घोषित होगा ऐसा किसी के ध्यान में नहीं था लेकिन चुनाव कार्यक्रम की घोषणा होते ही सभी राजनीतिक दलों और इच्छुको में आपाधापी शुरू हो गई है।