

Chandrapur Pollution Coal Mining Issue: चंद्रपुर जिले में कोयला खदानों और भारी परिवहन के कारण होने वाले प्रदूषण को लेकर राज्य सरकार ने कड़ा रुख अपनाया है। खनिकर्म मंत्री शंभूराज देसाई ने वेस्टर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (वेकोलि) को निर्देश दिया है कि वह पर्यावरण, खनिकर्म, परिवहन और स्थानीय प्रशासन द्वारा सुझाए गए उपायों को तत्काल लागू करे।
मंत्री ने स्पष्ट किया कि स्थानीय नागरिकों के स्वास्थ्य को देखते हुए कंपनी को अपनी कार्यप्रणाली में बदलाव करना अनिवार्य है। सहह्याद्री अतिथि गृह में आयोजित बैठक में मंत्री शंभूराज देसाई ने चंद्रपुर जिले में कोयला खनन और परिवहन पर नियंत्रण के उपायों की समीक्षा की।
मंत्री ने कहा कि यदि कोयला उत्खनन करने वाली कंपनियों सरकारी नियमों का पालन नहीं करती हैं तो उन पर भारी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। कोयला ले जाने वाले सभी वाहनों को तिरपाल से डंकना अनिवार्य होगा। परिवहन विभाग को निर्देश दिए गए हैं कि वे क्षेत्र में 'भरारी पथक' (फ्लाइंग स्क्वाड) की संख्या बढ़ाएं और यातायात नियमों के पालन को निगरानी करें।
मंत्री ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि कोयला परिवहन के कारण चंद्रपुर की सड़कें खराब हो रही हैं जिससे नागरिकों के स्वास्थ्य और कृषि पर बुरा असर पड़ रहा है।
जनप्रतिनिधियों ने मुद्दा उठाया कि कोयला ढोने वाले वाहनों पर तिरपाल (ताडपत्री) नहीं होती जिससे कोयले के कण उड़ते हैं और प्रदूषण फैलता है। साथ ही यातायात नियमों का भी बड़े पैमाने पर उल्लंघन हो रहा है।