बालभारती ने नागपुर के प्रिंटिंग प्रेस पर मारा छापा, पाठ्यपुस्तकों की हो रही थी अवैध छपाई

Nagpur Illegal Book Printing News: महाराष्ट्र के स्कूलों के लिए पाठ्यपुस्तकें तैयार करने और प्रकाशित करने वाली संस्था 'बालभारती' ने नागपुर के एक प्रिंटिंग प्रेस पर छापा मारा। कई किताबें जब्त की।
Balbharati Nagpur Printing Press Raid
प्रतीकात्मक तस्वीर (AI Generated)
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Balbharati Nagpur Printing Press Raid: महाराष्ट्र राज्य बोर्ड के लिए पाठ्यपुस्तकें तैयार करने वाली 'बालभारती' ने बुधवार को नागपुर में बड़ी कार्रवाई की है। अवैध छपाई की सूचना पर हिंगना एमआईडीसी स्थित एक प्रिंटिंग प्रेस पर छापा मारा गया, जहां हजारों की संख्या में अनधिकृत पुस्तकें जब्त की गईं।

नागपुर के प्रिंटिंग प्रेस में अवैध किताबों का जखीरा

महाराष्ट्र सरकार के राज्य बोर्ड से मान्यता प्राप्त स्कूलों के लिए पाठ्यपुस्तकें तैयार करने और प्रकाशित करने वाली संस्था 'बालभारती' के अधिकारियों ने बुधवार को नागपुर में यह बड़ी कार्रवाई की। अधिकारियों ने बताया कि उन्होंने एक प्रिंटिंग प्रेस पर छापा मारा, जहां से अवैध रूप से छापी गई हजारों पाठ्यपुस्तकें बरामद हुईं। यह कार्रवाई हिंगना एमआईडीसी क्षेत्र के दिगदोह स्थित प्रतिभा प्रिंटिंग प्रेस में की गई।

अधिकारी ने दी अवैध मुद्रण की जानकारी

बालभारती के उत्पादन अधिकारी राजेश पोटदुखे ने पत्रकारों को इस मामले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि हमें प्रतिभा प्रिंटिंग प्रेस में अवैध रूप से किताबें छापने की सूचना मिली थी। सूचना के आधार पर बालभारती के अधिकारी मौके पर निरीक्षण करने पहुंचे। निरीक्षण के दौरान टीम ने पाया कि प्रेस में किताबें अवैध रूप से छापी जाती मिलीं। यह पुष्टि हो गई कि राज्य बोर्ड की पुस्तकों का अनधिकृत मुद्रण किया जा रहा था, जो कि नियमों का स्पष्ट उल्लंघन है।

हालांकि, मौके पर मौजूद अधिकारियों ने जब्त की गई पुस्तकों की संख्या के संबंध में अलग-अलग अनुमान दिए हैं। उत्पादन अधिकारी राजेश पोटदुखे ने शुरुआती तौर पर बताया कि वहां बालभारती की 10,000 से 20,000 अवैध रूप से मुद्रित पुस्तकें मिलीं। दूसरी ओर, नागपुर में बालभारती के बिक्री स्टोर प्रबंधक दिलीप विटकर ने बरामद पुस्तकों की संख्या का अधिक अनुमान लगाया है। उनके अनुसार, अवैध रूप से छापी गई इन पुस्तकों की संख्या 20,000 से 30,000 के बीच हो सकती है।

अधिकारियों ने यह भी स्पष्ट किया कि मामले की जांच जारी है। दिलीप विटकर ने कहा कि अवैध मुद्रण के इस गंभीर मामले के संबंध में शिकायत दर्ज कराई जा रही है। इस कार्रवाई से उन तत्वों पर लगाम लगने की उम्मीद है जो राज्य बोर्ड की पाठ्यपुस्तकों की कालाबाजारी और अवैध छपाई में शामिल हैं।

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