

9 Year Old Child Dies In Hingna: महाराष्ट्र के नागपुर जिले के अंतर्गत आने वाले हिंगणा नगर पंचायत क्षेत्र के धनगरपुरा से एक ऐसी दुखद घटना सामने आई है, जिसने हर किसी की आंखें नम कर दी हैं। अमरावती जिले के नांदगांव खंडेश्वर के रहने वाले किशोर ज्ञानेश्वर मसराम अपने पूरे परिवार के साथ बेहद खुशियों के माहौल में हिंगणा आए थे। वे यहां अपने एक करीबी रिश्तेदार के विवाह समारोह (शादी) में शामिल होने पहुंचे थे। पूरा परिवार शादी के जश्न में डूबा था, लेकिन नियति को कुछ और ही मंजूर था और पल भर में पूरे परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा।
घटना गुरुवार, 15 मई की दोपहर करीब 2:30 बजे की है। किशोर मसराम का 9 वर्षीय बेटा लक्की किशोर मसराम दोपहर के समय अपने दो अन्य दोस्तों के साथ पास ही में स्थित जिला परिषद प्राथमिक स्कूल, धनगरपुरा परिसर के पास बने ग्रीन जिम और पार्क में खेलने गया था। बच्चे वहां खेल ही रहे थे कि तभी लक्की पार्क में लगी फिसलनपट्टी (Slideway) पर चढ़ गया। जैसे ही वह ऊपर से नीचे की तरफ सरकने लगा, अचानक उसका संतुलन (Balance) बिगड़ गया। वह सीधे हवा से नीचे कंक्रीट-जमीन पर बेहद जोर से आ गिरा। जमीन पर गिरते ही मासूम लक्की के सिर पर गंभीर चोट आई और वह अचेत हो गया।
मासूम लक्की को जमीन पर गिरता देख वहां मौजूद अन्य बच्चों ने शोर मचाया। आवाज सुनकर आसपास के स्थानीय नागरिक और शादी वाले घर के रिश्तेदार तुरंत मौके की तरफ भागे। खून से लथपथ लक्की को आनन-फानन में इलाज के लिए नजदीकी हिंगणा ग्रामीण अस्पताल ले जाया गया। हालांकि, अस्पताल के डॉक्टरों ने गहन जांच के बाद उसे मृत घोषित कर दिया। डॉक्टरों के मुताबिक, सिर पर लगी अंदरूनी और गंभीर चोट के कारण अस्पताल पहुंचने से पहले ही मासूम की मौत हो चुकी थी।
इस घटना की जानकारी मिलते ही हिंगणा पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा और आकस्मिक मृत्यु का मामला दर्ज कर आगे की जांच शुरू कर दी है।
इस दर्दनाक हादसे के बाद हिंगणा और धनगरपुरा इलाके में गहरे शोक की लहर है। इस घटना ने एक बार फिर सार्वजनिक पार्कों, नगर पंचायत की उद्यानों और स्कूलों में बच्चों के लिए लगाए गए खेल के उपकरणों की सुरक्षा को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं, स्थानीय नागरिकों का आरोप है कि ग्रीन जिम और पार्कों में लगी लोहे या प्लास्टिक की फिसलपट्टियों और झूलों का नियमित रखरखाव नहीं किया जाता। बच्चों के गिरने की स्थिति में नीचे कोई सुरक्षात्मक मैट या रेत नहीं बिछाई जाती, जिससे सीधे कंक्रीट पर गिरने से गंभीर चोटें आती हैं।