महाराष्ट्र विधान परिषद चुनाव, एनसीपी ने जीशान सिद्दीकी को बनाया उम्मीदवार, नामांकन दाखिल करने विधानसभा पहुंचे

MLC Election Maharashtra: राष्ट्रवादी कांग्रेस ने पूर्व विधायक जीशान सिद्दीकी को विधान परिषद के लिए उम्मीदवार बनाया है। बाबा सिद्दीकी की हत्या के बाद NCP ने जीशान पर भरोसा जताया। पूरी रिपोर्ट पढ़ें।
Maharashtra Legislative Council Elections: NCP fields Zeeshan Siddique as candidate; he arrives at the Assembly to file his nomination
जीशान सिद्दीकी (सोर्स: सोशल मीडिया)
Published on
Updated on

Zeeshan Siddique NCP: महाराष्ट्र की राजनीति में विधान परिषद (MLC) चुनावों को लेकर हलचल तेज हो गई है। राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (अजित पवार गुट) ने पूर्व विधायक जीशान सिद्दीकी को अपना आधिकारिक उम्मीदवार घोषित कर सबको चौंका दिया है। हाल ही में हुए विधानसभा चुनावों में हार का सामना करने के बावजूद, पार्टी ने जीशान पर भरोसा जताते हुए उन्हें सदन में भेजने का निर्णय लिया है।

अजित पवार और सिद्दीकी परिवार का रिश्ता

यह फैसला पार्टी की कोर कमेटी की बैठक और मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस के साथ हुई चर्चा के बाद लिया गया है। जीशान सिद्दीकी के पिता, पूर्व राज्य मंत्री बाबा सिद्दीकी, कांग्रेस छोड़कर अजित पवार के साथ आने वाले पहले कद्दावर नेता थे। 12 अक्टूबर 2024 को बाबा सिद्दीकी की हत्या के बाद जीशान ने आधिकारिक रूप से राष्ट्रवादी कांग्रेस में प्रवेश किया था।

सबसे युवा विधायक से विधान परिषद तक का सफर

जीशान सिद्दीकी का राजनीतिक सफर काफी उतार-चढ़ाव भरा रहा है:

  • 2019 की जीत: मात्र 27 साल की उम्र में उन्होंने वांद्रा पूर्व से कांग्रेस के टिकट पर चुनाव जीता और राज्य के सबसे युवा विधायक बने।
  • नाटकीय मोड़: 2019 में शिवसेना में हुई बगावत का फायदा उन्हें मिला था, जहां उन्होंने विश्वनाथ महाडेश्वर को हराकर 'मातोश्री' के आंगन में जीत दर्ज की थी।
  • विधानसभा 2024: राष्ट्रवादी कांग्रेस के टिकट पर चुनाव लड़ते हुए उन्हें 46,343 वोट मिले, लेकिन शिवसेना (UBT) के वरुण सरदेसाई से उन्हें 11,000 वोटों से हार का सामना करना पड़ा।

पार्टी ने क्यों जताया भरोसा?

जीशान को उम्मीदवार बनाने के पीछे कई महत्वपूर्ण कारण माने जा रहे हैं जैसे मुस्लिम मतदाताओं पर पकड़, वांद्रा और मुंबई के मुस्लिम बहुल इलाकों में सिद्दीकी परिवार का गहरा प्रभाव है, जिसका लाभ पार्टी भविष्य के चुनावों में उठाना चाहती है। बाबा सिद्दीकी की हत्या के बाद सिद्दीकी परिवार के प्रति उपजी सहानुभूति और पार्टी के प्रति उनकी निष्ठा को देखते हुए अजित पवार ने उन्हें यह अवसर दिया है। जीशान मुंबई युवक कांग्रेस के अध्यक्ष के रूप में भी कार्य कर चुके हैं, जिससे उनके पास युवाओं को जोड़ने का संगठनात्मक अनुभव है। जीशान सिद्दीकी का नाम रेस में सबसे आगे था और अब उनके नाम पर आधिकारिक मुहर लग गई है। इस फैसले से साफ है कि महायुति (NDA) मुंबई के समीकरणों को साधने के लिए सिद्दीकी के चेहरे का इस्तेमाल करेगी।

Navbharat Live: Hindi News
navbharatlive.com