

विक्रोली-घाटकोपर के बीच घायल युवक को देखकर लोकल ट्रेन रोकी।
लोको पायलट और गार्ड ने युवक को घाटकोपर स्टेशन पहुंचाकर अधिकारियों को सौंपा।
घटना से लोकल 14 मिनट रुकी, अन्य ट्रेनें 20–30 मिनट लेट हुईं।
Central Railway Loco Pilot: मध्य रेलवे के विक्रोली और घाटकोपर स्टेशनों के बीच शुक्रवार सुबह रेलवे ट्रैक पर गंभीर रूप से घायल अवस्था में मिले 30 वर्षीय युवक की मदद के लिए लोकल ट्रेन के लोको पायलट और गार्ड ने तत्परता दिखाई। ट्रैक पर युवक को लहूलुहान और अचेत देखकर चालक दल ने बिना देर किए ट्रेन रोक दी।
इस दौरान लोकल करीब 14 मिनट तक खड़ी रही। घटना के कारण सुबह के व्यस्त समय में पीछे आ रही ट्रेनें भी 20 से 30 मिनट की देरी से चलीं, जिससे नौकरीपेशा लोगों और कॉलेज जाने वाले विद्यार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ा।
जानकारी के अनुसार, शुक्रवार सुबह करीब 8:35 बजे सीएसएमटी की ओर जा रही अप धीमी लोकल ट्रेन ‘एन-6’ के चालक दल ने विक्रोली और घाटकोपर के बीच रेलवे ट्रैक पर एक युवक को गंभीर रूप से घायल और अचेत अवस्था में देखा।
स्थिति की गंभीरता को समझते हुए लोको पायलट ने तत्काल ट्रेन रोक दी। इसके बाद लोको पायलट और गार्ड ने घायल युवक की मदद की और उसे सुरक्षित घाटकोपर स्टेशन पहुंचाया। वहां युवक को उप स्टेशन प्रबंधक के सुपुर्द किया गया।
सुबह के व्यस्त समय में ट्रेन रुकने के कारण मध्य रेलवे की लोकल सेवाओं पर असर पड़ा। पीछे से आ रही ट्रेनें करीब 20 से 30 मिनट की देरी से चलीं।
कसारा की ओर से सीएसएमटी जाने वाले यात्रियों को विशेष रूप से परेशानी झेलनी पड़ी। कार्यालय और कॉलेज पहुंचने की जल्दी में निकले यात्रियों को देरी के कारण अपनी दिनचर्या में बदलाव करना पड़ा।
ट्रेनों की देरी से नाराज यात्रियों ने दादर स्टेशन पहुंचकर स्टेशन प्रबंधक के कार्यालय का घेराव किया। उन्होंने लोकल ट्रेनों की समयबद्धता सुधारने और यात्रियों को होने वाली परेशानी दूर करने की मांग की।
हालांकि, इस घटना में चालक दल की तत्परता और मानवीय दृष्टिकोण भी सामने आया। घायल युवक को देखकर ट्रेन रोकने और उसे सुरक्षित स्टेशन तक पहुंचाने के कदम ने यात्रियों के बीच सराहना हासिल की।