

Vasai Railway Terminus: वसई-विरार क्षेत्र के यात्रियों के लिए लंबे समय से प्रतीक्षित टर्मिनस निर्माण कार्य अब रफ्तार पकड़ चुका है। पश्चिम रेलवे ने जानकारी दी है कि इंजीनियरिंग और संरचनात्मक डिजाइन का काम अंतिम चरण में है और जल्द ही निविदा प्रक्रिया पूरी कर वास्तविक निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। रेलवे ने लक्ष्य तय किया है कि यह टर्मिनस वर्ष 2027 तक तैयार हो जाएगा।
वसई-विरार पिछले कुछ वर्षों से तेजी से शहरीकरण की ओर बढ़ रहा है। यहां से लंबी दूरी की यात्रा करने वाले यात्रियों की संख्या लगातार बढ़ रही है। लेकिन फिलहाल इन यात्रियों को लंबी दूरी की ट्रेनों के लिए बांद्रा, कुर्ला, दादर या छत्रपति शिवाजी महाराज टर्मिनस (सीएसएमटी) जैसे स्टेशनों तक सामान लेकर जाना पड़ता है। इस परेशानी के चलते स्थानीय नागरिक और यात्री लंबे समय से वसई रोड स्टेशन पर टर्मिनस बनाने की मांग कर रहे थे।
रेलवे ने इस मांग को तो छह साल पहले स्वीकार किया था, लेकिन काम शुरू न होने से यात्रियों में नाराजगी बढ़ गई थी। हाल ही में नागरिकों और सामाजिक कार्यकर्ताओं ने रेलवे प्रशासन को चेतावनी दी थी कि यदि कार्यवाही तेज नहीं की गई तो विरोध प्रदर्शन किया जाएगा। इसके बाद रेलवे ने स्पष्ट किया कि टर्मिनस परियोजना को प्रशासनिक स्वीकृति 17 मार्च 2025 को मिल चुकी है और सभी जरूरी तकनीकी कार्य अंतिम चरण में हैं।
यात्रियों की सबसे बड़ी समस्या यही है कि लंबी दूरी की यात्रा पर जाते समय उन्हें भारी भीड़भाड़ वाली लोकल ट्रेन से बैग, बच्चों और बुजुर्गों के साथ सफर करना पड़ता है। कई बार यह सफर बेहद मुश्किल हो जाता है। लंबी यात्रा से लौटने पर भी यही दिक्कत दोहराई जाती है। ऐसे में वसई रोड पर टर्मिनस बनने से यात्रियों को बड़ी राहत मिलेगी।
रेलवे का कहना है कि जैसे ही निविदा प्रक्रिया पूरी होगी, निर्माण कार्य शुरू कर दिया जाएगा। वसईकरों के लिए यह परियोजना बेहद अहम है क्योंकि यह न सिर्फ समय और ऊर्जा की बचत करेगी बल्कि यात्रियों को मुंबई के भीड़भाड़ वाले स्टेशनों तक जाने की मजबूरी से भी राहत दिलाएगी।