

Pod taxis Available at Mira Bhayander and Thane: मुंबई के बाद अब मीरा-भाईंदर और ठाणे में भी पॉड टैक्सी परियोजना शुरू करने की तैयारी चल रही है। शहरों में बढ़ती यातायात भीड़ को देखते हुए परिवहन विभाग ने डीपीआर (विस्तृत परियोजना रिपोर्ट) तैयार करने की जिम्मेदारी मुंबई महानगर क्षेत्र विकास प्राधिकरण (एमएमआरडीए) को सौंपी है।
राज्य के परिवहन मंत्री प्रताप सरनाईक ने पहले ही कहा था कि "एलिवेटेड पॉडकार परिवहन सेवा भविष्य में तेज और सुरक्षित विकल्प साबित हो सकती है।" उन्होंने वडोदरा में देश की पहली व्यावसायिक सस्पेंडेड पॉडकार प्रणाली का निरीक्षण किया और मई महीने में मुंबई महानगर क्षेत्र में इस परियोजना के क्रियान्वयन पर बैठक भी की थी।
इस पृष्ठभूमि में अब मीरा-भाईंदर और ठाणे के 15 स्थानों पर पॉड टैक्सी विकसित करने के लिए एमएमआरडीए द्वारा डीपीआर तैयार करने की प्रक्रिया शुरू की जा रही है। अधिकारियों के मुताबिक, पॉड टैक्सी सड़क यातायात में कोई बाधा नहीं डालती और कम जगह में स्थापित की जा सकती है।
सरनाईक ने बताया कि पॉड टैक्सी तेज परिवहन का एक उत्कृष्ट विकल्प बन सकती है। बीकेसी-कुर्ला कॉरिडोर पर MMR का पहला पॉड टैक्सी सिस्टम शुरू होगा। यह 8.01 किमी लंबा एलिवेटेड मार्ग 21 स्टेशनों से जुड़ा होगा। इसमें छोटे, स्वायत्त, इलेक्ट्रिक वाहन चलेंगे। टिकट काउंटर, एस्केलेटर, वेटिंग एरिया और चार्जिंग डॉक्स जैसी सुविधाएं उपलब्ध होंगी।
सिस्टम में स्मार्ट सेंसर और रियल-टाइम डेटा मॉनिटरिंग से संचालन सुचारू होगा। अधिकारियों के मुताबिक इससे बीकेसी में यात्रा का समय कम होगा और जीवाश्म ईंधन पर निर्भरता घटेगी। पॉड टैक्सी के स्टेशन रेलवे स्टेशन से स्काईवॉक से जुड़ेंगे, जिससे यात्रियों को आसान ट्रांजिट मिलेगा।
पॉडकार में लगभग 20 यात्री बैठ सकते हैं और यह 60 से 70 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल सकती है। ऑनबोर्ड इलेक्ट्रिक मोटर और बैटरी सिस्टम से संचालित यह तकनीक पर्यावरण के अनुकूल मानी जाती है।
एमएमआरडीए का उद्देश्य सिर्फ मुंबई और ठाणे ही नहीं, बल्कि पूरे मुंबई महानगर क्षेत्र में पॉड टैक्सी परियोजना लागू करना है। इससे भविष्य में शहरों में यात्रा तेज, सुरक्षित और पर्यावरण-सुलभ हो सकेगी।