

Nashik High Court Peon Exam Cheating Case: मुंबई उच्च न्यायालय की चपरासी पद की भर्ती परीक्षा के दौरान नासिक में नकल का चौंकाने वाला मामला सामने आया है।
कॉलेज रोड स्थित एसएमआरके महाविद्यालय के परीक्षा केंद्र पर एक परीक्षार्थी द्वारा जूते में मोबाइल फोन छिपाकर परीक्षा कक्ष में प्रवेश करने का आरोप है। प्रश्नपत्र मिलने के बाद उसने मोबाइल के माध्यम से गूगल पर प्रश्नों के उत्तर तलाशने शुरू कर दिए। इस दौरान पर्यवेक्षकों की नजर उस पर पड़ गई।
मुंबई उच्च न्यायालय की चपरासी पद की भर्ती परीक्षा के दौरान नासिक के एसएमआरके महाविद्यालय में नकल की कोशिश का मामला सामने आया। घटना को लेकर 30 वर्षीय मनोज वाघ के खिलाफ गंगापुर थाने में मामला दर्ज किया गया है।
कॉलेज में परीक्षा के दौरान नासिक रोड स्थित सह दिवानी न्यायालय, कनिष्ठ स्तर के सहायक अधीक्षक तुषार वडघुले और प्राध्यापक सौरभ देशपांडे पर्यवेक्षक के रूप में तैनात थे।
परीक्षा शुरू होने के कुछ समय बाद मनोज वाघ की गतिविधियां पर्यवेक्षकों को संदिग्ध लगीं। उसकी हरकतों पर नजर रखते हुए पर्यवेक्षकों ने सतर्कता बढ़ा दी। कुछ देर बाद संदेह गहराने पर उसकी तलाशी ली गई। तलाशी के दौरान परीक्षा में अनुचित साधन का इस्तेमाल किए जाने की आशंका सामने आई।
पर्यवेक्षकों ने तुरंत मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित अधिकारियों को इसकी जानकारी दी। परीक्षा केंद्र पर मौजूद अधिकारियों ने भी आवश्यक प्रक्रिया पूरी की। इसके बाद घटना की सूचना पुलिस को दी गई।
मामले में गंगापुर थाने में शिकायत दर्ज कराई गई है। पुलिस अब पूरे प्रकरण की जांच कर रही है और परीक्षा के दौरान हुई गतिविधियों के संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है।
आरोप है कि मनोज वाध ने मोबाइल फोन अपने जूते में छिपाकर परीक्षा केंद्र में प्रवेश किया था। प्रश्नपत्र मिलते ही उसने मोबाइल निकालकर प्रश्नों के उत्तर गूगल पर तलाशने शुरू कर दिए।
मोबाइल के माध्यम से प्रश्नपत्र में दिए गए सवालों के उत्तर खोजते हुए पर्यवेक्षकों ने उसे पकड़ लिया। इस तरह परीक्षा केंद्र में ही नकल करने का प्रयास सामने आया। पर्यवेक्षकों ने तत्काल मोबाइल फोन अपने कब्जे में लेकर परीक्षार्थी को रोक लिया।